उमरिया जिले में वन्यजीव सुरक्षा को लेकर गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। खेत की सुरक्षा के लिए अवैध रूप से लगाई गई झटका मशीन के करंट की चपेट में आने से एक बाघिन की दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद वन विभाग में हड़कंप मच गया है और संबंधित किसान के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

जानकारी के अनुसार यह घटना बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के समीपवर्ती क्षेत्र की है, जहां जंगली जानवरों से फसल बचाने के लिए किसान ने खेत के चारों ओर बिजली का तार लगाकर झटका मशीन जोड़ रखी थी। देर रात बाघिन शिकार की तलाश में खेत के पास पहुंची और तार के संपर्क में आते ही तेज करंट लगने से उसकी मौके पर ही मौत हो गई। सुबह ग्रामीणों ने बाघिन का शव देखा तो वन विभाग को सूचना दी।
मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया, जिसमें करंट लगने से मौत की पुष्टि हुई। अधिकारियों का कहना है कि झटका मशीन लगाना पूरी तरह अवैध है, इसके बावजूद इलाके में इसका इस्तेमाल धड़ल्ले से हो रहा है। यह घटना वन्यजीव संरक्षण के दावों पर बड़ा सवाल खड़ा करती है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जंगली जानवरों के लगातार गांवों की ओर आने से किसान भयभीत रहते हैं, लेकिन इसका समाधान अवैध तरीके नहीं हो सकते। वन विभाग ने आरोपी किसान के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत केस दर्ज कर लिया है। साथ ही आसपास के क्षेत्रों में अभियान चलाकर झटका मशीनों को हटाने की कार्रवाई शुरू करने की बात कही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इंसान और वन्यजीव संघर्ष को रोकने के लिए ठोस नीति और जागरूकता जरूरी है। एक बाघिन की मौत सिर्फ एक घटना नहीं, बल्कि पूरे पारिस्थितिकी तंत्र के लिए बड़ा नुकसान है।