विश्व कप जैसे बड़े मंच पर खिलाड़ियों के प्रदर्शन के साथ-साथ उनके बयान भी चर्चा का विषय बन जाते हैं। शादाब खान के बयान ने पाकिस्तान क्रिकेट में नया विवाद खड़ा कर दिया है। पीसीबी ने स्पष्ट कर दिया है कि टीम के खिलाड़ियों को अपने शब्दों में संयम और पूर्व दिग्गजों के प्रति सम्मान बनाए रखना होगा। आने वाले मैचों में पाकिस्तान की नजर अब सिर्फ प्रदर्शन पर होगी, ताकि मैदान के बाहर की चर्चा खेल पर हावी न हो।

भारत के खिलाफ टी20 विश्वकप 2026 मैच में हार के बाद पाकिस्तान टीम में सबकुछ सही नहीं चल रहा है। पूर्व क्रिकेटर्स जहां मौजूदा टीम की आलोचना करने में लगे हैं, वहीं मौजूदा क्रिकेटर्स ये कह रहे हैं कि सिर्फ हम क्यों पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर्स भी तो भारत के खिलाफ कभी विश्व कप मैच नहीं जीत पाए। अब इस मामले में पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने भी दखल दिया है। दरअसल, पाकिस्तान के ऑलराउंडर शादाब खान ने हाल ही में शाहिद अफरीदी और मोहम्मद यूसुफ जैसे पूर्व क्रिकेटरों पर निशाना साधा था। इस के बाद शादाब ने नामीबिया के खिलाफ मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में दोनों पूर्व क्रिकेटरों पर तंज कसा था, जिससे क्रिकेट जगत में हलचल मच गई। अब पीसीबी ने शादाब को उनके हालिया बयान पर कड़ी चेतावनी दी है। साथ ही शादाब के ससुर और पूर्व दिग्गज स्पिनर सकलैन मुश्ताक भी शादाब के बयान से नाखुश हैं।
शादाब ने अफरीदी-यूसुफ पर तंज कसा
कोलंबो में खेले गए मुकाबले में पाकिस्तान ने नामीबिया को 102 रन से हराया। इस मैच में शादाब ने 22 गेंदों पर 36 रन बनाए और तीन विकेट लेकर शानदार प्रदर्शन किया, लेकिन मैच के बाद दिए गए बयान ने विवाद खड़ा कर दिया। प्रेस वार्ता में शादाब ने आलोचना का जवाब देते हुए कहा, ‘पूर्व क्रिकेटरों की अपनी राय होती है। वे दिग्गज थे, लेकिन वे भी वह हासिल नहीं कर पाए जो हमने किया। हमने विश्व कप में भारत को हराया है।’ शादाब यहां 2021 टी20 विश्वकप में भारत को हराने की बात कर रहे थे। यही एकमात्र विश्वकप मैच है, जिसमें भारत पाकिस्तान से हारा है। इसके अलावा पाकिस्तान ने हमेशा भारत से मुंह की खाई है। वनडे विश्वकप में पाकिस्तान भारत से आठ बार हारा है, जबकि टी20 विश्वकप में पाकिस्तान भारत से आठ बार है और एक बार जीता है।
हालांकि, शादाब का यह बयान कई पूर्व खिलाड़ियों को नागवार गुजरा। बताया जा रहा है कि टीम मैनेजर नावीद चीमा के माध्यम से पीसीबी ने शादाब को स्पष्ट संदेश दिया कि वे अपने शब्दों की मर्यादा रखें और दिग्गज खिलाड़ियों के प्रति सम्मान दिखाएं। टेलिकॉम एशिया स्पोर्ट्स ने सूत्रों के हवाले से लिखा कि पीसीबी ने टीम मैनेजर नावीद चीमा के जरिये ऑलराउंडर को यह संदेश दिया कि उन्हें पूर्व महान खिलाड़ियों के खिलाफ कठोर शब्दों का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। चीमा ने पीसीबी का मैसेज पढ़ा, जिसमें लिखा था, ‘शादाब प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपनी सीमा से बाहर चले गए थे। सभी पूर्व खिलाड़ी, जिनमें उनके ससुर सकलैन मुश्ताक भी शामिल हैं, पाकिस्तान के सम्मानित महान खिलाड़ी हैं। उन्हें ऐसे शब्दों का प्रयोग नहीं करना चाहिए।’
कोलंबो में 15 फरवरी को भारत के खिलाफ पाकिस्तान की हार के बाद, पूर्व कप्तान शाहिद अफरीदी ने टीम प्रबंधन से खराब प्रदर्शन के कारण बाबर आजम, शाहीन अफरीदी और शादाब खान जैसे सीनियर खिलाड़ियों को बाहर करने की मांग की। दूसरी ओर, मोहम्मद यूसुफ ने भी इसी तरह की टिप्पणी करते हुए कहा कि बाबर, शाहीन और शादाब का समय अब खत्म हो चुका है और टीम प्रबंधन को बेंच स्ट्रेंथ आजमाते हुए युवा खिलाड़ियों को प्लेइंग इलेवन में मौका देना चाहिए।
शादाब के ससुर और पूर्व दिग्गज स्पिनर सकलैन मुश्ताक ने भी इस बयान पर असंतोष जताया। उन्होंने कहा, ‘ये अनावश्यक टिप्पणियां थीं। अधिकांश खिलाड़ी मेरे साथ खेले हैं। सच तो यह है कि मैं भी उन खिलाड़ियों में से हूं जिन्होंने आईसीसी ट्रॉफी नहीं जीती, लेकिन हमने पाकिस्तान के लिए कई बड़े टेस्ट और वनडे मुकाबले जीते।’ उनका यह बयान दर्शाता है कि वरिष्ठ खिलाड़ियों को शादाब की भाषा पर आपत्ति है। शादाब ने 2023 में सकलैन की बेटी मलायका सकलैन से शादी की थी। पाकिस्तान के पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज कामरान अकमल ने भी शादाब की टिप्पणी को अनुचित बताया। उन्होंने कहा, ‘पूर्व खिलाड़ियों के खिलाफ ऐसे शब्दों का इस्तेमाल सावधानी की मांग करता है।’
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि टीम प्रबंधन खिलाड़ियों को मीडिया से बातचीत में संयम बरतने की सलाह दे रहा है। भारत के खिलाफ अहम मुकाबले से पहले दो दिनों तक किसी भी खिलाड़ी को मीडिया के सामने नहीं भेजा गया। अब पाकिस्तान को सुपर-आठ चरण में कड़ी चुनौती का सामना करना है। टीम का अगला मुकाबला न्यूजीलैंड से कोलंबो में होगा। इसके बाद वह इंग्लैंड और श्रीलंका टीम से भिड़ेगी।