Haryana Budget 2026: सैनी सरकार पेश कर सकती है सवा दो लाख करोड़ का बजट, तैयारियां लगभग पूरी

Picture of PRIYA NEWSINDIA

PRIYA NEWSINDIA

SHARE:

वित्त मंत्री के तौर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी होली से दो दिन पहले दो मार्च को अपना दूसरा बजट पेश करेंगे। बजट को लेकर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने विशेष तैयारी की है।
Saini government can present a budget of Rs 2.25 lakh crore
हरियाणा सरकार ने बजट की तैयारी लगभग पूरी कर ली है। अब बजट की स्पीच तैयार की जा रही है। राज्य सरकार ने साल 2025-26 में 2.5 लाख करोड़ का बजट पेश किया था। इस बार राज्य सरकार करीब सवा दो लाख करोड़ का बजट पेश कर सकती है। बजट में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी कई नई योजनाओं की भी घोषणा करने के साथ पुरानी योजनाओं का विस्तार करेंगे। राज्य सरकार लाडो लक्ष्मी योजना की पारिवारिक आय की सीमा भी बढ़ा सकती है। अभी एक लाख तक आय वाली परिवारों की महिलाओं को लाडो लक्ष्मी योजना का लाभ दिया जा रहा है।

वित्त मंत्री के तौर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी होली से दो दिन पहले दो मार्च को अपना दूसरा बजट पेश करेंगे। बजट को लेकर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने विशेष तैयारी की है। सवा महीने उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों के हितधारकों के साथ कुल 13 बैठकें की हैं। बैठक व एआई चैटबॉट में लगभग 15 हजार सुझाव प्राप्त हुए हैं। इनमें से राज्य सरकार कम से कम 20 फीसदी सुझावों को अपने बजट में शामिल करने जा रही है। वित्त विभाग के एक अधिकारी ने बताया, इन सुझावों का विश्लेषण कर लिया गया है, जो बजट में शामिल किया जाना है। उन्हें भी फाइनल कर लिया गया है।

हरियाणा के बजट का एक तिहाई हिस्सा ऋण भुगतान में

हरियाणा अपने बजट का एक तिहाई हिस्सा यानी 30 फीसदी पैसा ऋण भुगतान में देता है। 16वें वित्त आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक भी हरियाणा का कुल कर्जा राज्य के जीएसडीपी के 30 फीसदी तक पहुंच गया है। हालांकि राज्य सरकार का दाव है कि राजकोषीय घाटे की अनुमेय सीमा 3.00 फीसदी से नीचे है। 2025-26 में यह 2.67 फीसदी रही है। राज्य सरकार अपने घाटे को पूरा करने के लिए उधार भी लेती है।

पिछले बजट के अनुसार राज्य सरकार के पास 45.04 फीसदी राजस्व अपने कर से, 12.39 फीसदी राजस्व केंद्र से, 5.05 फीसदी गैर कर, 2.65 फीसदी राजस्व अन्य साधनों से प्राप्त होती है। वहीं, 34.87 फीसदी ऋण लेती है। इसमें 25.66 राज्य विकास ऋण, खाद्यान खरीद के लिए 6.84 फीसदी, नाबार्ड से 1.23 फीसदी, केंद्र से 0.99 फीसदी व अन्य साधनों से 0.15 फीसदी ऋण लेती है। विपक्ष लगातार सरकार पर निशाना साधती रही है कि राज्य की आर्थिक स्थिति खराब हो रही है और हरियाणा पर करीब चार लाख करोड़ कर्ज चढ़ा हुआ है।

PRIYA NEWSINDIA
Author: PRIYA NEWSINDIA