एक ही परिवार की पांच मौतों ने पूरे इलाके को दहला दिया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि अशोक नाम के व्यक्ति ने पहले अपनी मां, पत्नी और दो मासूम बेटों को गोली मारी, उसके बाद खुद को भी गोली मारकर आत्महत्या कर ली। घर के अंदर बिखरे शवों को देखकर पुलिस भी सन्न रह गई। यह हृदयविदारक घटना पारिवारिक तनाव और मानसिक अवसाद की भयावह तस्वीर बयां करती है।

पुलिस के मुताबिक पड़ोसियों ने सुबह घर से कोई हलचल न होने पर सूचना दी थी। जब टीम अंदर पहुंची तो अलग-अलग कमरों में पांचों के शव पड़े मिले। मौके से एक लाइसेंसी हथियार बरामद हुआ है। शुरुआती पड़ताल में पता चला कि अशोक पिछले काफी समय से मानसिक रूप से परेशान था। कारोबार में नुकसान और कर्ज के बोझ के कारण वह अवसाद में चल रहा था, जिसका इलाज भी चल रहा था।
परिजनों और आसपास के लोगों ने बताया कि अशोक का व्यवहार कुछ दिनों से बदला-बदला सा था। वह किसी से ज्यादा बात नहीं करता था और अक्सर गुमसुम रहता था। पुलिस को घर से एक डायरी भी मिली है, जिसमें तनाव और निराशा से जुड़ी बातें लिखी हुई हैं। हालांकि पुलिस अभी किसी ठोस निष्कर्ष पर नहीं पहुंची है और हर पहलू की गहराई से जांच की जा रही है।
घटना के बाद पूरे मोहल्ले में मातम पसरा हुआ है। जिसने भी यह खबर सुनी, वह स्तब्ध रह गया। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि मानसिक तनाव से जूझ रहे व्यक्ति को अकेला न छोड़ें और समय रहते विशेषज्ञ की मदद लें। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही पूरी सच्चाई सामने आ सकेगी।
यह मामला एक बार फिर बताता है कि मानसिक स्वास्थ्य की अनदेखी कितनी खतरनाक साबित हो सकती है। परिवार और समाज को ऐसे संकेतों को गंभीरता से लेने की जरूरत है ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं को रोका जा सके।