सार
Bigg Boss 19 Captaincy Task: ‘बिग बॉस 19’ के घर में अब कप्तानी को लेकर पहले टास्क को अंजाम दिया गया है। आखिर कौन बना है घर का पहला कप्तान, चलिए आपको बताते हैं।

विस्तार
बिग बॉस का नया सीजन शुरू होते ही घर के अंदर सत्ता की लड़ाई तेज हो गई है। शो का इस बार का थीम ‘डेमोक्रेसी’ रखा गया है और इसी वजह से घरवालों को अपना पहला लीडर चुनने का मौका मिला। शुरुआत से ही घर में कामकाज और खाने-पीने को लेकर तनातनी बनी हुई थी, ऐसे में सभी चाहते थे कि कोई एक ऐसा सदस्य सामने आए जो घर को अनुशासन में रख सके। अब ‘बिग बॉस 19’ को अपना पहला कप्तान मिल गया है, आखिर कौन है वो और कैसे चुना गया, चलिए जानते हैं।
कप्तानी को लेकर हुआ टास्क
पहली कप्तानी की रेस में घरवालों की तरफ से अशनूर, कुनिका और अभिषेक को चुना गया था। टास्क के तहत इन्हें घर की टाइल्स को पेंट करने का काम सौंपा गया। खास बात यह रही कि हर कंटेस्टेंट को एक-एक सब्स्टीट्यूट चुनने की छूट दी गई। अशनूर ने जीशान पर भरोसा जताया जबकि कुनिका ने बसीर को अपना प्रतिनिधि बनाया। बिग बॉस के अपडेट्स देने वाले पेज ‘द खबरी ट्वीट्स’ के मुताबिक ये मुकाबला काफी रोमांचक तरीके से चला और आखिरकार कुनिका ने अपने शांत दिमाग और रणनीति के दम पर कप्तानी का खिताब हासिल कर लिया।
पहली कप्तानी की रेस में घरवालों की तरफ से अशनूर, कुनिका और अभिषेक को चुना गया था। टास्क के तहत इन्हें घर की टाइल्स को पेंट करने का काम सौंपा गया। खास बात यह रही कि हर कंटेस्टेंट को एक-एक सब्स्टीट्यूट चुनने की छूट दी गई। अशनूर ने जीशान पर भरोसा जताया जबकि कुनिका ने बसीर को अपना प्रतिनिधि बनाया। बिग बॉस के अपडेट्स देने वाले पेज ‘द खबरी ट्वीट्स’ के मुताबिक ये मुकाबला काफी रोमांचक तरीके से चला और आखिरकार कुनिका ने अपने शांत दिमाग और रणनीति के दम पर कप्तानी का खिताब हासिल कर लिया।
गौरव और जीशान की बहस
जहां एक ओर कप्तानी टास्क पर सबका ध्यान था, वहीं दूसरी ओर गौरव और जीशान के बीच तकरार ने माहौल को गर्म कर दिया। वजह बनी घर का खाना। जीशान द्वारा मूंगफली खाने पर गौरव ने उन्हें आड़े हाथों ले लिया और देखते ही देखते दोनों के बीच तीखी बहस छिड़ गई। अमाल ने इस दौरान जीशान का पक्ष लिया और कहा कि जब बाकी सबने भी खाया तो उन्हें दोषी ठहराना ठीक नहीं। बात यहीं खत्म नहीं हुई, जीशान ने गौरव पर तंज कसते हुए कहा कि वे हमेशा कुछ लोगों को साथ लेकर चलते हैं और अकेले फैसले लेने से बचते हैं। यह नोकझोंक भले ही कप्तानी से जुड़ी न रही हो, लेकिन घरवालों के बीच खींचतान की तस्वीर साफ कर गई।
जहां एक ओर कप्तानी टास्क पर सबका ध्यान था, वहीं दूसरी ओर गौरव और जीशान के बीच तकरार ने माहौल को गर्म कर दिया। वजह बनी घर का खाना। जीशान द्वारा मूंगफली खाने पर गौरव ने उन्हें आड़े हाथों ले लिया और देखते ही देखते दोनों के बीच तीखी बहस छिड़ गई। अमाल ने इस दौरान जीशान का पक्ष लिया और कहा कि जब बाकी सबने भी खाया तो उन्हें दोषी ठहराना ठीक नहीं। बात यहीं खत्म नहीं हुई, जीशान ने गौरव पर तंज कसते हुए कहा कि वे हमेशा कुछ लोगों को साथ लेकर चलते हैं और अकेले फैसले लेने से बचते हैं। यह नोकझोंक भले ही कप्तानी से जुड़ी न रही हो, लेकिन घरवालों के बीच खींचतान की तस्वीर साफ कर गई।
कुनिका का कप्तान बनना क्यों खास?
कुनिका सदानंद टीवी और फिल्मों में अपने सशक्त किरदारों के लिए जानी जाती रही हैं। घर के पहले कप्तान के तौर पर उनका चुना जाना इस बात का संकेत है कि वह शुरुआत से ही मजबूत दावेदार मानी जा रही हैं। शो का थीम लोकतंत्र है, इसलिए कप्तान बनना केवल पावर पाना नहीं बल्कि घरवालों को मैनेज करना और सही दिशा देना भी है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि कुनिका अपने इस रोल को कितनी सफलतापूर्वक निभा पाती हैं।
कुनिका सदानंद टीवी और फिल्मों में अपने सशक्त किरदारों के लिए जानी जाती रही हैं। घर के पहले कप्तान के तौर पर उनका चुना जाना इस बात का संकेत है कि वह शुरुआत से ही मजबूत दावेदार मानी जा रही हैं। शो का थीम लोकतंत्र है, इसलिए कप्तान बनना केवल पावर पाना नहीं बल्कि घरवालों को मैनेज करना और सही दिशा देना भी है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि कुनिका अपने इस रोल को कितनी सफलतापूर्वक निभा पाती हैं।