रक्षाबंधन पर घर लौट रहे सीआईएसएफ जवान विवेक डागुर ने हादसे से कुछ घंटे पहले मां को फोन कर कहा था कि वह सुबह सात बजे तक घर पहुंच जाएगा। मां को क्या पता था कि बेटे की यह आखिरी बातचीत होगी। सुबह घर पहुंचने के बजाय विवेक की मौत की खबर पहुंची तो परिवार में कोहराम मच गया।

परिजनों के मुताबिक विवेक दिल्ली में भर्ती परीक्षा का फिजिकल देने के बाद गाजियाबाद से ट्रेन में सवार होकर गांव सालपुर लौट रहे थे। अलीगढ़ रेलवे स्टेशन के पास किसी हादसे में उनकी मौत हो गई। बृहस्पतिवार तड़के उनका शव स्टेशन से करीब एक किलोमीटर आगे रेलवे ट्रैक के बीच मिला। विवेक करीब दो वर्ष पहले सीआईएसएफ में भर्ती हुए थे और वर्तमान में ओडिशा के भुवनेश्वर एयरपोर्ट पर तैनात थे। दस फरवरी उनकी शादी हुई थी। मां और पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है। उनके छोटे भाई अभिषेक भी सीआईएसएफ में हैं और प्रशिक्षण ले रहे हैं।
त्योहार की खुशियां मातम में बदलीं
विवेक के घर आने को लेकर परिवार में रक्षाबंधन की तैयारियां थीं। मां को बेटे के सुबह पहुंचने का इंतजार था, लेकिन सुबह उसकी मौत की खबर ने त्योहार की खुशियां मातम में बदल दीं। विवेक के पिता गुलवीर सिंह पैरों के इलाज के लिए गुजरात गए हुए थे। हादसे की सूचना मिलने के बाद वह गांव लौट रहे हैं। ताऊ रनवीर सिंह, पड़ोसी राजू मास्टर व पवन कुमार ने बताया है कि पोस्टमार्टम के बाद शव को गांव से करीब सात किलोमीटर पहले भरतपुर स्थित डीडीएस महाविद्यालय में रखा गया है। अंतिम संस्कार शुक्रवार सुबह किया जाएगा।