कानपुर, उत्तर प्रदेश – डीसीपी पश्चिम दिनेश कुमार त्रिपाठी ने जानकारी दी है कि ऑपरेशन महाकाल के तहत होटल संचालक गजेंद्र सिंह नेगी पर दो एफआईआर दर्ज की गई हैं। सोमवार को पहली और मंगलवार को दूसरी एफआईआर रावतपुर थाने में दर्ज हुई, जिसमें धोखाधड़ी, मारपीट, अपमानित करने और आत्महत्या के लिए उकसाने जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं।
📍 शिकायतकर्ता की आपबीती:
मसवानपुर निवासी प्रतिमा पांडेय ने आरोप लगाया है कि उनके पति विष्णु कुमार पांडेय से नेगी ने 2016 से 2022 के बीच नेगी टावर में दो दुकानें और दो फ्लैट के नाम पर ₹1.80 करोड़ लिए, लेकिन बैनामा नहीं कराया। जब पैसे वापस मांगे गए तो उन्हें अपमानित किया गया। नेगी द्वारा दिए गए चेक बैंक विलय के कारण बेकार हो गए और नए चेक देने के नाम पर तीन साल तक दौड़ाया गया।
💔 मानसिक उत्पीड़न और मौत:
14 फरवरी 2024 को विष्णु पांडेय ने फिर से तकादा किया, जहां नेगी बैंक्वेट हॉल में उन्हें गाली दी गई और मारपीट की गई। कहा गया, “अब रुपये अगले जन्म में लेना।” 17 फरवरी को उन्हें एक कॉल आई जिसमें 20 लाख रुपये और मांगे गए, तभी ₹1.80 करोड़ लौटाने की बात कही गई। इस मानसिक दबाव के कारण 18 फरवरी को उनकी मृत्यु हो गई।
👮♂️ पुलिस कार्रवाई:
रावतपुर थाने में प्रतिमा पांडेय की शिकायत पर एफआईआर दर्ज की गई है। डीसीपी ने बताया कि ऑपरेशन महाकाल के तहत कई अन्य शिकायतें भी प्राप्त हुई हैं और सभी मामलों की जांच जारी है।