रीच नागरिक अभियान की शुरुआत 1980 में हुई थी। साल 2020 में इस समूह के लोगों ने जर्मनी की संसद पर हमले की साजिश भी रची थी, जिसमें कुछ लोगों को गिरफ्तार किया गया था। पहले इस समूह को हानि रहित सनकी संगठन माना जाता था, लेकिन पिछले कुछ दशकों में यह आंदोलन तेजी से उभरा है।

जर्मनी की सरकार ने देश के सबसे बड़े रीच नागरिक समूह पर प्रतिबंध लगा दिया है। इतना ही नहीं इस समूह के नेताओं के ठिकानों पर देशभर में छापेमारी कार्रवाई की गई। रीच नागरिक समूह एक धुर दक्षिणपंथी संगठन है, जो खुद को जर्मन राजशाही का हिस्सा मानते हैं। ये समूह देश के लोकतांत्रिक सिद्धांतों को नहीं मानते। जर्मनी की सरकार ने मंगलवार की सुबह कई राज्यों में इस समूह के नेताओं के ठिकानों पर छापेमारी और तलाशी अभियान चलाया।




