शाजापुर जिले में अचानक हुई तेज आंधी और ओलावृष्टि ने मौसम का मिजाज बदलकर रख दिया। मूसलाधार बारिश और ओलों के साथ इलाके में भारी ठंड का एहसास होने लगा है। सड़कें और खुले मैदान बर्फ की चादर से ढक गए हैं, जिससे आम लोगों और किसानों के लिए हालात कठिन हो गए हैं।
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मौसम विभाग ने बताया कि यह स्थिति एक साइक्लोनिक सिस्टम के कारण उत्पन्न हुई है, जो जिले में बारिश और ओलों के साथ तेज हवाओं को लेकर आया। विभाग ने किसानों से अपने खेतों और फसलों की सुरक्षा के लिए सावधानी बरतने की सलाह दी है। आलू, गेहूं, सोयाबीन और अन्य खरीफ एवं रबी की फसलें इस मौसम से प्रभावित हो सकती हैं।
स्थानीय लोगों ने बताया कि तेज आंधी के चलते बिजली के तार टूटने और पेड़ों के गिरने की घटनाएं भी हुई हैं। सड़कें फिसलन और बर्फ जमा होने के कारण यातायात के लिए जोखिमपूर्ण बन गई हैं। प्रशासन ने सतर्क रहने और सुरक्षित मार्गों का उपयोग करने के निर्देश जारी किए हैं।
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि ओलावृष्टि और तेज हवाओं से खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान होने की संभावना है। प्रशासन और जिला कृषि विभाग ने प्रभावित क्षेत्रों में निरीक्षण शुरू कर दिया है और किसानों को राहत और बीमा संबंधी जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है।
इस अप्रत्याशित मौसम ने ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में जीवन को प्रभावित किया है। प्रशासन ने नागरिकों से आग्रह किया है कि वे मौसम विभाग की चेतावनियों को गंभीरता से लें और सुरक्षा उपायों का पालन करें।

