ठाणे में चुनावी माहौल गरमाता जा रहा है और इसी बीच एकनाथ शिंदे गुट के एक मंत्री के बेटे के बयान ने सियासत में हलचल मचा दी है। “राजा का बेटा राजा नहीं बनेगा, राजा वही बनेगा जिसका हक होगा” जैसे शब्दों के साथ उन्होंने राजनीतिक परिवारवाद और टिकट बंटवारे को लेकर बड़ा संदेश दिया है।![]()
सूत्रों के मुताबिक यह बयान ठाणे में चुनावी टिकट को लेकर चल रही अंदरूनी खींचतान और विरोध के बीच सामने आया है। माना जा रहा है कि मंत्री के बेटे ने यह बात उन आरोपों के जवाब में कही है, जिनमें पार्टी पर परिवारवाद को बढ़ावा देने के सवाल उठ रहे हैं। उनका कहना है कि राजनीति में आगे वही बढ़ेगा जो जनता का भरोसा और हक जीत सकेगा, न कि सिर्फ पारिवारिक पहचान के दम पर।
राजनीतिक जानकारों के अनुसार यह बयान न केवल विपक्ष को संदेश देता है, बल्कि पार्टी के भीतर भी साफ संकेत है कि चुनाव में टिकट और नेतृत्व को लेकर असंतोष और बहस जारी है। ठाणे चुनाव में यह मुद्दा कितना असर डालेगा, यह आने वाले दिनों में साफ होगा।