जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश ने कहर मचाया हुआ है, बारिश के कारण बाढ़ और भूस्खलन की घटना हुईं हैं। जम्मू में कटरा से लेकर डोडा तक भारी नुकसान हुआ है। कई पुल टूटे हैं, बिजली की लाइन और मोबाइल टावर भी क्षतिग्रस्त हुए हैं।

जम्मू-कश्मीर में मौसम का कहर जारी रहा है। श्री माता वैष्णो देवी के यात्रा मार्ग पर अर्द्धकुंवारी में स्थित इंद्रप्रस्थ भोजनालय के पास हुए भूस्खलन से मरने वाले श्रद्धालुओं की संख्या बुधवार को 34 पहुंच गई। इनमें 11 उत्तर प्रदेश के हैं। मंगलवार देर रात तक नौ श्रद्धालुओं की मौत और 21 के घायल होने की पुष्टि हुई थी। बाद में बचाव दल को मलबे के नीचे से कई और शव मिले। तलाशी अभियान अभी भी जारी है। आशंका है कि मलबे में अभी भी कई लोग फंसे हो सकते हैं। हादसा मंगलवार दोपहर करीब तीन बजे पहाड़ का हिस्सा ढहने से हुआ। इससे चट्टानें और मलबा नीचे गिरा और लोग दब गए। जम्मू में चौबीस घंटे में 380 मिमी बारिश दर्ज हुई जोकि पिछले 115 वर्षों में सबसे ज्यादा बारिश है। जम्मू संभाग में नदियों का जलस्तर घटा तो कश्मीर संभाग में बढ़ गया। भारी बारिश के कारण बिजली-पानी, आवागमन और इंटरनेट सब पर आफत रही।

जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश ने कहर मचाया हुआ है, बारिश के कारण बाढ़ और भूस्खलन की घटना हुईं हैं। जम्मू में कटरा से लेकर डोडा तक भारी नुकसान हुआ है। कई पुल टूटे हैं, बिजली की लाइन और मोबाइल टावर भी क्षतिग्रस्त हुए हैं। लगातार भारी बारिश की वजह से बाढ़ और जलजमाव के चलते अब तक तीन हजार से ज्यादा लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया है।

हेलीकॉप्टर से रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है। सुरक्षा के मद्देनजर वैष्णो देवी यात्रा बुधवार को दूसरे दिन भी बंद रखी गई। आज भी यात्रा को बहाल नहीं किया गया है। जम्मू संभाग में बुधवार को नदी नालों में जल स्तर घटने से राहत रही, लेकिन कश्मीर में कई इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति रही। कई कस्बे और गांव डूब गए हैं। श्रीनगर और अनंतनाग में झेलम उफान पर रही। कई इलाकों से लोगों को सुरक्षित निकाला गया।







मौसम विज्ञान केंद्र श्रीनगर के अनुसार 28 से 29 अगस्त के बीच जम्मू संभाग और दक्षिण कश्मीर के कुछ हिस्सों में बारिश हो सकती है। 30 अगस्त से एक सितंबर के बीच जम्मू संभाग में भारी बारिश के आसार हैं। दो से पांच सितंबर को फिर मौसम में उतार-चढ़ाव रहेगा।

शिक्षा मंत्री सकीना इत्तू ने कहा कि खराब मौसम के कारण वीरवार को जम्मू-कश्मीर में शैक्षणिक संस्थान बंद रहेंगे। केंद्र शासित प्रदेश के अधिकांश स्थानों पर रुक-रुक कर बारिश जारी रही। सकीना इत्तू ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, ”खराब मौसम के कारण जम्मू-कश्मीर में स्कूल और कॉलेज कल (28 अगस्त 2025) बंद रहेंगे।” यह निर्णय जम्मू क्षेत्र में मूसलाधार बारिश और कश्मीर घाटी में बुधवार को रुक-रुक कर जारी बारिश के बीच लिया गया है।


धर्मनगरी में मंगलवार को मूसलाधार बारिश के चलते जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो गया। भारी बारिश के कारण भवन मार्ग सहित आसपास के इलाकों में भूस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं। जानकारी के अनुसार ट्रेन मार्ग चक रखवाला सहित कई स्थानों पर भूस्खलन होने से रेल सेवाएं ठप हो गई हैं। ऐसे में मां वैष्णो देवी के दर्शनों के बाद लौट रहे हजारों श्रद्धालुओं को अपने घरों की ओर रवाना होने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
