फर्जी एसटीएफ के अफसर बनकर वाशिंग पाउडर कारोबारी का अपहरण कर 10 लाख की फिरौती मांगने के मामले में पुलिस ने एक और आरोपी गिरफ्तार कर लिया है। उधर एक आरोपी अभी भी फरार है, जिसके चलते परिवार दहशत में है।
आगरा में फर्जी एसटीएफ के अफसर बनकर वाशिंग पाउडर कारोबारी अनिल के अपहरण के मामले में पुलिस ने एक और आरोपी गिरीश कटारा को गिरफ्तार कर लिया। वहीं अभी एक आरोपी फरार है। पुलिस अब उसकी तलाश में लगी है। वहीं घटना के बाद से कारोबारी का परिवार दहशत में हैं। उन्होंने टेढ़ी बगिया स्थिति घर छोड़ दिया है और एत्मादपुर रहने चले गए हैं। कारोबारी की पत्नी ने पुलिस से पति की सुरक्षा की गुहार लगाई है।
मूलरूप से ग्राम बहसी, थाना बरनाहल, मैनपुरी निवासी अनिल टेढ़ी बगिया में परिवार सहित रहते हैं। 15 अगस्त की दोपहर में उनका अपहरण कर लिया गया था। उन्हें व्यापारी अभिषेक गुप्ता बहाने से धाैलपुर ले गया था। अपने साथियों की मदद से वापस आते समय अपहरण कर लिया था। आरोपी खुद को एसटीएफ के कर्मचारी और अफसर बता रहे थे। पत्नी पूजा ने किरावली पुलिस को जानकारी दी थी। इसके बाद दो आरोपियों को घेराबंदी करके पकड़ लिया गया। इनमें अभिषेक गुप्ता और मानवेंद्र थे। पूजा ने बताया कि आरोपियों ने पहले 10 लाख रुपये पति को छोड़ने के लिए मांगे थे। इससे वो घबरा गई थीं।
उन्होंने 10 लाख रुपये नहीं होने की बात कही थी। आरोपी दो लाख में पति को छोड़ने के लिए राजी हो गए थे। पूजा ने बताया कि एक और आरोपी विपुल शर्मा फरार है। उन्हें डर है कि आरोपी पति के साथ फिर से कुछ भी कर सकते हैं। इसलिए अपना घर छोड़ दिया है। उनका परिवार एत्मादपुर में एक गांव रिश्तेदार के घर में जाकर रह रहे हैं। उन्होंने पुलिस से सुरक्षा की मांग की है।
किराये पर ली थी कार
पुलिस की पूछताछ में आरोपी न्यू आदर्श नगर, बल्केश्वर निवासी गिरीश कटारा ने बताया कि श्रीनगर, बल्केश्वर निवासी अभिषेक गुप्ता ने कहा था कि अनिल के अपहरण से काफी रकम मिल जाएगी। इस पर अभिषेक, विपुल शर्मा और मानवेंद्र के साथ मिलकर अपहरण कर लिया। उन्होंने किराये पर कार ली थी। इसी कार में तीनों ने मनियां, धौलपुर से अनिल को पकड़ा था। उसके ही फोन से पत्नी पूजा के फोन पर काॅल करके 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। फिरौती के रुपये लेने के लिए लेदर पार्क पर बुलाया, वहीं पुलिस पहुंच गई।
पुलिस की पूछताछ में आरोपी न्यू आदर्श नगर, बल्केश्वर निवासी गिरीश कटारा ने बताया कि श्रीनगर, बल्केश्वर निवासी अभिषेक गुप्ता ने कहा था कि अनिल के अपहरण से काफी रकम मिल जाएगी। इस पर अभिषेक, विपुल शर्मा और मानवेंद्र के साथ मिलकर अपहरण कर लिया। उन्होंने किराये पर कार ली थी। इसी कार में तीनों ने मनियां, धौलपुर से अनिल को पकड़ा था। उसके ही फोन से पत्नी पूजा के फोन पर काॅल करके 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। फिरौती के रुपये लेने के लिए लेदर पार्क पर बुलाया, वहीं पुलिस पहुंच गई।