लखनऊ में रेखा नामक महिला ने किरायेदार विकास पर भरोसा कर शादी की, मगर विकास ने धीरे-धीरे पूरे घर पर कब्जा कर लिया। वह सिमरन पर नजर रखने लगा, बंदिशें लगाने लगा और आखिर में उसकी बेरहमी से हत्या कर दी।

पहले पति की मौत के बाद से रेखा ने बेटी सिमरन के सहारे जिंदगी के सपने बुने थे। मां-बेटी साथ में खुश थीं। जीवन यापन के लिए मकान का कुछ हिस्सा किराये पर दे रखा था। इसी से दोनों का गुजर बसर हो रहा थी। फिर एक दिन विकास चंद्र पांडेय किरायेदार बनकर रेखा के घर में आया। उसके आने के बाद से मां-बेटी की जिंदगी में उथलपुथल मच गई।
अन्य किरायेदारों से किराया वसूलना शुरू कर दिया। किराये के रुपयों को लेकर रेखा और विकास से आए दिन झगड़ा होता था। विकास ने मकान में हर जगह कैमरे लगवा दिए थे, जिनसे वह मां-बेटी पर नजर रखता था। वह रेखा व सिमरन पर बंदिशें भी लगाता था। दोनों को जल्दी घर से नहीं निकलने नहीं देता था।
जिस पर किया भरोसा, उसी ने ली बेटी की जान
पोस्टमार्टम हाउस के बाहर रेखा का रोकर बुरा हाल था। बिलखते हुए कहा कि जिसपर भरोसा जताया था उसी ने बिटिया की जान ले ली। विकास के मन में सिमरन के प्रति इतनी नफरत थी कि उसने हत्या के बाद 20 से ज्यादा लातें उसके शरीर पर मारीं।
Author: planetnewsindia
8006478914