हापुड़ के गढ़मुक्तेश्वर में कांवड़ यात्रा की अधूरी तैयारियों पर मंडलायुक्त भड़क गए। उन्होंने ब्रजघाट में ईओ को कड़ी फटकार लगाई। गंदगी और अव्यवस्थाओं पर नाराजगी जताई। फटकार लगाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।

हापुड़ के गढ़मुक्तेश्वर में कांवड़ यात्रा की तैयारियों में बरती जा रही लापरवाही को लेकर मंगलवार को ब्रजघाट पहुंचे मंडलायुक्त भानु चंद्र गोस्वामी और डीआईजी कलानिधि नैथानी का सख्त रुख देखने को मिला। अधिकारियों ने पूरे मेला क्षेत्र का निरीक्षण कर सफाई व्यवस्था, पेयजल, बैरिकेडिंग, प्रकाश व्यवस्था और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान कई स्थानों पर गंदगी और अव्यवस्थाएं मिलने पर मंडलायुक्त ने कड़ी नाराजगी जताई। इस दौरान मंडलायुक्त ने कहा कि यह क्या तैयारी है, हम यहां ये अव्यवस्था देखने के लिए आए हैं यहां, ये क्या तैयारी होती हैं, सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त कर लें।
निरीक्षण के दौरान नगर पालिका की अधिशासी अधिकारी पवित्रा त्रिपाठी से तैयारियों को लेकर जवाब-तलब किया गया। ईओ ने अपनी ओर से स्थिति स्पष्ट करने का प्रयास किया, लेकिन मंडलायुक्त ने असंतोष व्यक्त करते हुए उन्हें फटकार लगाई और निर्देश दिए कि कांवड़ियों की सुविधा से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं तत्काल दुरुस्त कराई जाएं।
फटकार का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल
उन्होंने स्पष्ट कहा कि लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी और सभी कार्य समयबद्ध ढंग से पूरे किए जाएं। निरीक्षण के दौरान हुई इस फटकार का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसकी क्षेत्र में व्यापक चर्चा है। वहीं स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर पालिका में कार्यों की गुणवत्ता और व्यवस्थाओं को लेकर लंबे समय से सवाल उठते रहे हैं।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी और सभी कार्य समयबद्ध ढंग से पूरे किए जाएं। निरीक्षण के दौरान हुई इस फटकार का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसकी क्षेत्र में व्यापक चर्चा है। वहीं स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर पालिका में कार्यों की गुणवत्ता और व्यवस्थाओं को लेकर लंबे समय से सवाल उठते रहे हैं।
लोगों का आरोप है कि विकास कार्यों में पारदर्शिता का अभाव है, जिसके कारण जरूरी व्यवस्थाएं समय पर पूरी नहीं हो पातीं। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। प्रशासन ने संबंधित अधिकारियों को सभी कमियों को तत्काल दूर करने के निर्देश दिए हैं, ताकि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।