Cyber Crime News: मामला 13 मई 2025 का है। सिगरा थाने में महमूरगंज के पीड़ित ने शिकायत दर्ज कराई थी। साइबर थाने की पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मध्य प्रदेश के ग्वालियर से दो शातिरों को गिरफ्तार किया है।

Varanasi News: फर्जी ट्राई और सीबीआई अधिकारी बन डिजिटल अरेस्ट करते हुए 49.40 लाख की साइबर धोखाधड़ी में अंतरराज्यीय गिरोह के दो आरोपियों को साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने मध्य प्रदेश के ग्वालियर से गिरफ्तार किया है।
आरोपियों के कब्जे से 21 पासबुक, 19 चेकबुक, 15 डेबिट कार्ड और 1.10 लाख नकद, 12 सिमकार्ड, तीन बैंक खाता ओपनिंग फाॅर्म और एक डायरी बरामद हुई है। मामले में 3 अरोपी पहले भी गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
डीसीपी क्राइम सरवणन टी. ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में ग्वालियर के मुरार थाना क्षेत्र के सुदामापुरी निवासी अभिलाष श्रीवास्तव और भिंड के थाना मौ क्षेत्र के धगौरी निवासी समीर राणा हैं।
आरोपी अपने अन्य विदेशी साइबर अपराधियों के साथ मिलकर फर्जी ट्राई व सीबीआई अधिकारी बनकर फर्जी कूटरचित फर्जी डिजिटल हस्ताक्षरित कागजात या वारंट आदि के माध्यम से अपने झांसे में फंसाकर लोगों को गिरफ्तारी का भय दिखाकर डिजिटल अरेस्ट करते हैं।
पुलिस ने की कार्रवाई
वेरीफिकेशन के नाम पर तथाकथित फर्जी आरबीआई के बैंक खातों में पीडि़त से उसका सारा पैसा डलवा लिया जाता है फिर अपने विदेशी साइबर अपराधियों के माध्यम से उक्त पैसों को तमाम बैंक खातों में ट्रांसफर करते हुए क्रिप्टो करेंसी आदि के माध्यम से कैश निकाल लिया जाता है और अपने कार्य के अनुसार हिस्सा बांट लिया जाता है।
सिगरा थाना क्षेत्र के महमूरगंज शिवाजी नगर के कृष्णा अपार्टमेंट निवासी पीड़ित सुभाष चंद्रा को 13 मई 2025 को साइबर अपराधियों ने फर्जी ट्राई व सीबीआई अधिकारी बनकर डिजिटल अरेस्ट का भय दिखाते हुए 49.40 लाख रुपये की साइबर ठगी की थी।
विवेचना निरीक्षक गोपालजी कुशवाहा ने जांच के दौरान बैंक एकाउंट और मोबाइल नंबर के जरिए आरोपियों तक पहुंचे। गिरफ्तारी टीम में एसआई संजीव कनौजिया, एएसआई श्यामलाल गुप्ता, पृथ्वीराज सिंह और अंकित प्रजापति आदि रहे।