भारतीय महिला टीम ने मोहसिन नकवी के हाथों से एशिया कप की ट्रॉफी लेने से इनकार कर दिया है। भारत ने फाइनल में श्रीलंका को हराया। एशिया क्रिकेट परिषद के अध्यक्ष होने के नाते नकवी ट्रॉफी देने मंच पर मौजूद थे, लेकिन भारतीय टीम ने ट्रॉफी नहीं ली। भारतीय टीम के मुख्य कोच अमोल मजूमदार ने कहा, ट्रॉफी न लेने का फैसला भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) का है। टीम इसका समर्थन करती है।

भारतीय महिला टीम ने एशिया कप का खिताब जीतने के बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) के अध्यक्ष मोहसिन नकवी को आईना दिखाया है। महिला टीम ने नकवी के हाथों से ट्रॉफी लेने से इनकार कर दिया। नकवी एशिया क्रिकेट परिषद (एसीसी) के अध्यक्ष भी हैं। इससे पहले, भारतीय पुरुष टीम ने भी नकवी के हाथों ट्रॉफी नहीं ली थी। भारत ने 2025 में पाकिस्तान को हराकर एशिया कप जीता था।
पीसीबी प्रमुख के खिलाफ नारेबाजी
10 बार फाइनल में पहुंचकर आठ खिताब जीतने वाली टीम इंडिया, विमेंस एशिया कप के इतिहास की सबसे सफल टीम बन गई है।
भारतीय टीम ने एशियन क्रिकेट काउंसिल (एसीसी) के अध्यक्ष मोहसिन नकवी से ट्रॉफी नहीं ली। स्टेडियम से खाली हाथ बाहर जाते दिखे नकवी। 2025 में वे ट्रॉफी अपने साथ ले गए थे।
ट्रॉफी नहीं लेने के मामले में एएनआई ने क्रिकइंफो के हवाले से बताया कि भारतीय टीम के हेड कोच अमोल मजूमदार ने इसे बीसीसीआई का रुख बताया।
मजूमदार ने कहा कि टीम इंडिया को बड़े बोर्ड पर चैंपियन घोषित किया जाना ही काफी है। हमारे लिए यह टूर्नामेंट खत्म हो चुका है, हम चैंपियन हैं। यही काफी है।
नकवी के बाहर जाते समय स्टेडियम में मौजूद लोगों ने उनके खिलाफ नारे भी लगाए। सोशल मीडिया पर यूजर्स वीडियो भी शेयर कर रहे हैं।
नकवी एसीसी प्रमुख होने के अलावा पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) के प्रमुख और पड़ोसी देश के गृह मंत्री भी हैं।
फाइनल मैच के अधिकारियों और श्रीलंकाई खिलाड़ियों को मेडल देने के बाद पुरस्कार समारोह में समाप्त हो गया। श्रीलंकाई टीम की कप्तान नकवी ने दिया उपविजेता का चेक।
श्रीलंका से हिसाब चुकता किया
भारतीय महिला टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए श्रीलंका को हराकर आठवीं बार एशिया कप का खिताब अपने नाम कर लिया। भारत ने दुबई में खेले गए इस मुकाबले में श्रीलंका को 72 रनों से हराया। भारतीय टीम पूरे टूर्नामेंट में अजेय रही और ग्रुप चरण से लेकर फाइनल तक टीम ने दमदार प्रदर्शन किया। भारत ने 20 ओवर में पांच विकेट पर 183 रन बनाए। भारत के लिए शेफाली वर्मा और स्मृति मंधाना ने शानदार बल्लेबाजी की और अर्धशतक जड़े। जवाब में श्रीलंका की टीम 20 ओवर में 111 रन पर ऑलआउट हो गई। भारत ने इस तरह श्रीलंका से पुराना हिसाब भी चुकता कर लिया है।
भारतीय महिला टीम का एशिया कप में दबदबा बरकरार है। भारतीय टीम वनडे हो या टी20 इस टूर्नामेंट के हर प्रारूप में हमेशा खिताबी मुकाबले तक पहुंची है। भारत ने सर्वाधिक आठ बार खिताब अपने नाम किया है। भारत ने 2004, 2005, 2006, 2008 में वनडे प्रारूप और 2012, 2016, 2022 और 2026 में टी20 प्रारूप में एशिया कप अपने नाम किया है। उसे 2018 और 2024 में फाइनल में हार मिली थी।
खिताबी मैच के बाद स्टेडियम में पुरस्कार समारोह के लिए मंच तैयार हुआ। नकवी सहित एसीसी के अधिकारी मंच पर मौजूद थे। नकवी ने उपविजेता श्रीलंका की कप्तान चामरी अट्टापट्टू को रनरअप का चेक दिया। अट्टापट्टू चेक लेकर मंच से लौट गईं। इसके बाद भारत को ट्रॉफी सौंपनी थी, लेकिन समारोह ट्रॉफी दिए बिना ही समाप्त हो गया। ऐसा ही पुरुष एशिया कप के दौरान भी देखने मिला था, जब विजेता भारतीय टीम को ट्रॉफी नहीं सौंपी गई थी क्योंकि टीम इंडिया ने नकवी के हाथों से ट्रॉफी लेने से मना कर दिया था।
- बीसीसीआई के अधिकारी रहे मौजूद
मैच देखने के लिए भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के शीर्ष अधिकारी भी दुबई क्रिकेट स्टेडियम में मौजूद थे। बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया और उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला मैच के दौरान स्टेडियम में थे। इन दोनों के ठीक पीछे नकवी बैठे थे। भारतीय महिला खिलाड़ियों के नकवी के हाथों ट्रॉफी नहीं लेने के बाद पीसीबी अध्यक्ष खाली हाथ स्टेडियम से बाहर जाते हुए नजर आए।
