आज चहुंओर वर्ष 1975 और 1977 जैसे हालत है, इन वर्षों में दिवंगत पूर्व प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरागांधी ने इमरजैंसी और डीआईआर तथा मीसा जैसे कानून के तहत विपक्षी नेताओं को नजरबंद करते हुए जेलों में बंद कराया था। उसी तर्ज पर दिल्ली में जंतर मंतर पर हो रहे आंदोलन को लेकर किसी भी प्रकार शांति भंग न हो के चलते पुलिस पूरी तरह कमर कसकर तैयार है। कोतवाली पुलिस ने पूर्व कांग्रेस नगर अध्यक्ष सहित दो अन्य कांग्रेस नेताओं को हाउस अरेस्ट किया है। जिससे राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है।
गुरूवार को पुलिस-प्रशासन ने कांग्रेस के पूर्व नगर अध्यक्ष मोहम्मर इरफान को उनके प्रतिष्ठान पर ही नजरबंद कर दिया और उसके बाद पुलिस ने गांव नगला ताल में जिला महासचिव नवीन उपाध्याय को उनके आवास पर एहतियातन हाउस अरेस्ट कर दिया। इन सभी के अपास सुबह ही भारी संख्या में पुलिस बल उनके घर और प्रतिष्ठानों पर पहुंचा और उनको सुरक्षा घेरे में ले लिया। पुलिस ने उन्हें बिना अनुमति घर से बाहर नहीं निकलने दिया तथा आवास के बाहर लगातार पुलिस बल तैनात रखा गया।
पुलिस और प्रशासनिक अफसरान की मानें तो महासचिव नवीन उपाध्याय एवं कृष्ण कुमार तथा पूर्व नगर अध्यक्ष मोहम्मद इरफान अपने समर्थकों के साथ किसी विरोध प्रदर्शन, घेराव अथवा आंदोलन में शामिल हो सकते हैं, इसी आशंका के मद्देनजर कानूनव्यवस्था सुदृण बनाए रखने के उद्देश्य से यह कार्रवाई की गई। वहीं पूरे क्षेत्र में पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई और आने-जाने वालों पर भी नजर रखी गई। दिनभर मोहम्मद इरफान के प्रतिष्ठान के बाहर पुलिस बल तैनात रहा। फिलहाल क्षेत्र में स्थिति शांतिपूर्ण बनी हुई है और प्रशासन पूरे घटनाक्रम पर कड़ी नजर रख रहा है। वहीं कृष्ण कुमार को कोतवाली चैराहा उनके आवास पर नजरबंद किया गया। सुबह होते ही जब इस कार्रवाई की सूचना मिलते ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं और समर्थकों में नाराजगी फैल गई। पार्टी नेताओं ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बताते हुए आरोप लगाया कि विपक्ष की आवाज को दबाने के लिए प्रशासनिक शक्ति का दुरुपयोग किया जा रहा है। उनका कहना है कि शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखना प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है और नेताओं को घरों में नजरबंद करना उचित नहीं है। वहीं, पुलिस प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई पूरी तरह एहतियाती कदम के रूप में की गई है। अधिकारियों के अनुसार क्षेत्र में शांति, कानून-व्यवस्था और जनसुरक्षा बनाए रखना उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी है। किसी भी संभावित अप्रिय स्थिति से बचने के लिए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है। फिलहाल क्षेत्र में स्थिति सामान्य और नियंत्रण में बताई जा रही है तथा पुलिस लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है। प्रभारी निरीक्षक विपिन चैधरी ने बताया कि क्षेत्र में शांति और कानून-व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए एहतियातन यह कदम उठाया गया है, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।
Author: Sunil Kumar
SASNI, HATHRAS


