अंबेडकरनगर में चार बच्चों की हत्या की आरोपी मां का नाले में शव मिलने से मामला उलझ गया। पांचों मौतों का रहस्य गहरा गया। हालांकि सोमवार सुबह को पुलिस हत्याकांड में एक और आरोपी को मुठभेड़ में ढेर कर दिया।

अंबेडकरनगर के अकबरपुर के मीरानपुर मुरादाबाद मोहल्ले में शनिवार को हुई चार बच्चों की हत्या के मामले में नया मोड़ आ गया है। रविवार शाम बच्चों की मां गासिया खातून का शव घर से करीब 100 मीटर दूर नाले में मिला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
पहले महिला को ही बच्चों की हत्या का आरोपी माना जा रहा था, लेकिन अब उसकी मौत के बाद मामला उलझ गया है। जानकारी के मुताबिक, उसके सिर पर किसी तेज हथियार से चोट के निशान मिले हैं। मायकेवालों ने भी हत्या की आशंका जताई है।
शनिवार को सऊदी अरब में काम करने वाले नियाज के चार बच्चों के सिर पर वार कर हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद से मां लापता थी। रविवार को बच्चों के सुपुर्द-ए-खाक होने के कुछ ही घंटों बाद शाम करीब पांच बजे घर से लगभग 100 मीटर दूर नाले में गासिया का शव मिला। पुलिस अधीक्षक प्राची सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
वहीं, इससे पहले, मामले की जांच में पुलिस को गासिया खातून के घर से उसके कपड़े गायब मिले थे। घटना के बाद पुलिस ने जब पूरे घर की छानबीन की तो यह खुलासा हुआ। महिला के मोबाइल फोन को भी फॉरमैट किया गया था और बेटे शफीक के मोबाइल से सिर्फ परिवार के लोगों के ही फोटो और वीडियो मिले हैं।
घर में रखी अलमारी के लॉकर से करीब पांच हजार रुपये मिले हैं, लेकिन जेवर थे या नहीं इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है। इन सवालों का जवाब ढूंढने के लिए पुलिस नियाज को वापस बुलाने की तैयारी में है। इसी बीच मीरानपुर से एक युवक को पुलिस ने हिरासत में लिया। माना जा रहा है कि इस युवक को मृतका गासिया खातून के परिवार से कुछ संपर्क है।
शफीक (14), सऊद (12), उमर (10) और बेटी बयान (8) उर्फ सादिया की हत्या के खुलासे में लगी टीमें हर पहलू को खंगाल ही रही थीं। इसी बीच घर के एक कमरे में ताला लगा मिला था। पुलिस ने परिवार के लोगों की मौजूदगी में कमरे का ताला तुड़वाया, जिसमें एक अलमारी रखी हुई थी।
घर से गायब थे महिला के कपड़े
अलमारी को खोलकर देखा गया तो उसमें सिर्फ बच्चों के ही कपड़े थे। महिला के कपड़े घर से गायब थे। लॉकर में 100-200 रुपये के नोट रखे हुए थे जिन्हें सील कर कब्जे में ले लिया गया है। हालांकि यहां एक भी कोई जेवर नहीं मिला। घर के अन्य हिस्सों की तलाश में भी महिला के कपड़े नहीं मिले।
महिला का मोबाइल पूरी तरह से किया गया था फॉरमैट
घर से मिले दो मोबाइल की भी पुलिस ने जांच-पड़ताल कराई है। इसमें महिला का मोबाइल पूरी तरह से फॉरमैट किया गया था, जबकि पुत्र शफीक के मोबाइल सेट में परिवार के सदस्यों के फोटो-वीडियो मिले हैं। जिस स्थान पर इस नाले में गासिया का शव मिला है, वहां पर कपड़े व अन्य कोई सामान बरामद नहीं हुआ है।
गासिया का शव मिलने के बाद आशंका है कि पहले बच्चों को बेहोश किया गया, फिर महिला के शव को ठिकाने लगाया गया। पूरा आरोप महिला पर आ जाए, इसके लिए घर को अंदर से लॉक कर दिया गया। साथ ही महिला के कपड़े भी गायब कर दिए गए।
पुलिस ने शनिवार की रात एक संदिग्ध को कुछ साक्ष्यों के आधार पर हिरासत में लिया है। सूत्रों के अनुसार, पूछताछ में कई अन्य बातें भी सामने आई हैं।
एक साल पहले उमराह पर गए थे, एक माह रहे थे साथ
परिवार के लोग बताते हैं कि नियाज का तीन वर्ष पहले पाकिस्तानी महिला से निकाह होने के बाद वर्ष 2025 में ईद के समय गासिया खातून और चारों बच्चे उमराह करने के लिए सऊदी अरब गए थे। यहां इन पांचों लोगों ने नियाज के साथ उमराह किया था। इसके बाद पाकिस्तानी पत्नी के साथ एक ही घर में करीब एक माह तक सभी लोग साथ रहे थे।
होनहार थे चारों बच्चे
डिवाइन पब्लिक स्कूल बरधा भिउरा अकबरपुर में मो. शफीक इस बार कक्षा सात में गया था। उसने कक्षा छह में क्लास में दूसरी पोजीशन हासिल की थी। छोटा भाई सऊद इस बार कक्षा चार, उमर कक्षा तीन और बयान उर्फ सादिया एलकेजी में गई थी।
विद्यालय प्रबंध तंत्र के मुताबिक, चारों छात्र पढ़ाई में होनहार थे। वहीं, उनकी मां गासिया खातून स्कूल में होने वाले पैरेट्स मीटिंग के साथ ही सभी कार्यक्रमों में बच्चों का हौसला बढ़ाने के लिए आती थीं। इनकी साल भर की फीस भी एक साथ ही जमा हो जाती थी। बच्चे बस से ही स्कूल आते-जाते थे।
घर में मिले थे चार बच्चों के शव
अकबरपुर स्थित घर में चार बच्चों के शव मिले थे। शनिवार दोपहर चारों बच्चों की हत्या की जानकारी हुई। पुलिस पहुंची तो घर अंदर से बंद मिला। पहली मंजिल के रास्ते घर में दाखिल होकर कमरे में पहुंची तो चार बच्चों के शव पड़े मिले।
क्या था पूरा मामला?
मीरानपुर मुरादाबाद मोहल्ले के निवासी नियाज, जो सऊदी अरब में नौकरी करते हैं, उनके चार मासूम बच्चों शफीक (14), सऊद (12), उमर (10) और बेटी बयान उर्फ सादिया (8) की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। बच्चों के सिर पर किसी भारी वस्तु से ताबड़तोड़ प्रहार किए गए थे।
जांच में आया बड़ा मोड़
इस हत्याकांड ने उस समय नया मोड़ ले लिया जब शुरूआती जांच में पुलिस और स्थानीय लोगों को हत्या का शक बच्चों की मां गासिया खातून पर हुआ, क्योंकि घटना के बाद से ही वह लापता थीं। कयास लगाए जा रहे थे कि मां ने ही इस खौफनाक वारदात को अंजाम दिया और फरार हो गई।
हालांकि, रविवार शाम को स्थिति पूरी तरह बदल गई जब गासिया खातून का शव भी एक नाले से बरामद हुआ। इसके बाद पुलिस ने अपनी तफ्तीश की दिशा बदली और आरोपी आमिर की तलाश तेज की, जिसका अंत सोमवार सुबह एनकाउंटर के रूप में हुआ। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस सामूहिक हत्याकांड के पीछे आमिर का क्या मकसद था।