शिक्षा मंत्री हरजोत बैंस ने कहा कि सरकार का उद्देश्य सरकारी स्कूलों की शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत करना है, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थी प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता हासिल कर सकें।

शिक्षा मंत्री हरजोत बैंस ने कहा कि पंजाब के सरकारी स्कूलों के 305 विद्यार्थियों ने जेईई मेंस परीक्षा उत्तीर्ण कर राज्य का नाम रोशन किया है। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष की तुलना में इस बार परिणाम और बेहतर रहे हैं। बीते साल जहां 187 विद्यार्थियों ने जेईई मेंस पास की थी, वहीं इस बार पास प्रतिशत में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
शिक्षा मंत्री ने बताया कि इन सफल विद्यार्थियों में बड़ी संख्या आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से संबंध रखने वाले बच्चे भी हैं। उन्होंने विशेष तौर पर मेरिटोरियस स्कूल की छात्रा काजल का उल्लेख करते हुए बताया कि उसने 96.22 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं, जबकि उसके परिवार की आय मात्र 80 हजार रुपये है। मंत्री ने कहा कि यह उपलब्धि साबित करती है कि सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी भी मेहनत और सही मार्गदर्शन से राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकते हैं।
उन्होंने इसे राज्य के विद्यार्थियों के लिए बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि किसी भी अन्य राज्य के शिक्षा मंत्री द्वारा इस प्रकार के परिणाम सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। सरकार का उद्देश्य सरकारी स्कूलों की शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत करना है, ताकि अधिक से अधिक विद्यार्थी प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता हासिल कर सकें। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को इसके लिए कोचिंग भी दी गई थी।
हिमाचल के टैक्स बढ़ाने का विरोध
इस दौरान शिक्षा मंत्री ने हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा टैक्स बढ़ाए जाने का विरोध भी किया। उन्होंने कहा कि 170 रुपये का टैक्स लिया जा रहा है, जिसका पंजाब सरकार विरोध करती है। उन्होंने कहा कि पंजाब भी बाहरी राज्यों से आने वालों पर टैक्स लगाने पर विचार कर रहा है। साथ ही इस मुद्दे पर कानूनी राय ली जा रही है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में मामला पहले से ही सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है।