प्रमोद खत्री अपनी ईमानदार कार्यशैली और अनुशासन के लिए जाने जाते हैं। उनके सराहनीय कार्यों को देखते हुए वर्ष 2024 में उन्हें राष्ट्रपति मेडल से भी सम्मानित किया गया था। जेल सुधार की दिशा में उन्होंने कई अहम पहल की हैं।

चंडीगढ़ की बुड़ैल जेल की कमान अब प्रमोद खत्री के हाथों में होगी। विभागीय पदोन्नति समिति की बैठक के बाद प्रमोद खत्री को डिप्टी सुपरिंटेंडेंट जेल ग्रेड-2 से पदोन्नत कर डिप्टी सुपरिंटेंडेंट जेल ग्रेड-1 बनाया गया है।
कई वर्षों तक बुड़ैल जेल की जिम्मेदारी संभालने वाले अमनदीप सिंह के सेवानिवृत्त होने के बाद यह पद रिक्त पड़ा था। अब प्रमोद खत्री को यह अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। प्रमोद खत्री अपनी ईमानदार कार्यशैली और अनुशासन के लिए जाने जाते हैं। उनके सराहनीय कार्यों को देखते हुए वर्ष 2024 में उन्हें राष्ट्रपति मेडल से भी सम्मानित किया गया था।
जेल सुधार की दिशा में उन्होंने कई अहम पहल की हैं। जेल परिसर में महिलाओं के लिए सिलाई प्रशिक्षण (स्टिचिंग कोर्स) और आईटीआई प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करवाया गया। वहीं पुरुष बंदियों के लिए भी रोजगार से जुड़े कई उपयोगी कार्य प्रारंभ किए गए। कैदियों के मानसिक स्वास्थ्य और सकारात्मक वातावरण के लिए जेल में चिड़ियाघर का निर्माण कराया गया।
इसके अलावा बंदियों के परिजनों से संपर्क बढ़ाने के लिए कॉलिंग टाइम में वृद्धि की गई और आधुनिक सुविधाओं से लैस हाईटेक मुलाकात कक्ष तैयार किए गए हैं। सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए जेल में 5जी जैमर लगाए जाने की प्रक्रिया भी शुरू की गई है।
पदोन्नति आदेश जारी होते ही प्रमोद खत्री ने औपचारिक रूप से कार्यभार संभाल लिया है। विभाग को उनसे जेल प्रशासन को और अधिक सुदृढ़ और आधुनिक बनाने की उम्मीद है।