Maghi Mela in Punjab: पंजाब में इन दिनों भीषण ठंड पड़ रही है। मंगलवार-बुधवार की रात न्यूनतम तापमान 4 डिग्री तापमान से भी नीचे रहा। इस कड़ाके की ठंड और शीतलहर के बीच भी संगतों की आस्था कम होने का नाम नहीं ले रही और संगत स्नान को उमड़ने लगी।

दशम पातशाह श्री गुरु गोबिंद सिंह जी के 40 मुक्तों की शहादत की साक्षी मुक्तसर की पवित्र धरती पर मेला माघी शुरू हो गया है। मेला माघी के चलते बड़ी गिनती में संगतों का मुक्तसर आगमन हुआ है। लोहड़ी की रात से ही संगत पहुंचने लगी थी और सुबह से देर शाम तक गुरुद्वारा श्री दरबार साहिब में पहुंचने और पवित्र सरोवर में स्नान का सिलसिला चलता रहा।

बता दें कि पंजाब में इन दिनों भीषण ठंड पड़ रही है। मंगलवार-बुधवार की रात न्यूनतम तापमान 4 डिग्री तापमान से भी नीचे रहा। इस कड़ाके की ठंड और शीतलहर के बीच भी संगतों की आस्था कम होने का नाम नहीं ले रही और संगत स्नान को उमड़ने लगी। हालांकि संगत रात 12 बजे ही उमड़ने लगी थी और इस दरमियान तो न्यूनतम तापमान 2 से 3 डिग्री तक आंका जा रहा था। मगर दोपहर करीब 12 बजे तक भी न्यूनतम तापमान 4 से 5 डिग्री दर्ज हुआ। धुंध में सरोवर के आस-पास तो विजिबिलिटी शून्य ही हो गई थी।
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संगतों ने 40 मुक्तों को नमन करते हुए उनकी शहादत को याद किया। संगत जहां गुरुद्वारा श्री दरबार साहिब में नतमस्तक हुई। वहीं गुरुद्वारा शहीद गंज साहिब, गुरुद्वारा तंबू साहिब, गुरुद्वारा टिब्बी साहिब, गुरुद्वारा दातनसर साहिब, गुरुद्वारा तरनतारन साहिब समेत अन्य गुरुद्वारों में पहुंचकर भी नतमस्तक होने पहुंची।

गुरुद्वारा श्री दरबार साहिब के मैनेजर निर्मलजीत सिंह ने बताया कि 12 जनवरी को गुरुद्वारा शहीद गंज साहिब में श्री अखंड पाठ साहिब आरंभ हुआ था। जिसका माघी मौके सुबह साढ़े सात बजे भोग डाला गया। भाई महां सिंह दीवान हाल में धार्मिक दीवान सजाए गए। रागी-ढ़ाडी जत्थों द्वारा संगतों को जहां गुरु यश सुना निहाल किया गया। वहीं सिख इतिहास व 40 मुक्तों की कुर्बानियों से अवगत कराया गया।

वीरवार को निकलेगा भव्य नगर कीर्तन
15 जनवरी को गुरुद्वारा टिब्बी साहिब में विशेष ढाडी समागम होगा। यही नहीं गुरुद्वारा श्री दरबार साहिब के नाका नंबर 4 से भव्य नगर कीर्तन शुरू होगा, जो गुरुद्वारा टिब्बी साहिब, गुरुद्वारा दातनसर साहिब होता हुआ वापिस श्री दरबार साहिब पहुंचकर संपन्न होगा। नगर कीर्तन का जगह-जगह भव्य स्वागत होगा। इसी दिन सुबह 11 बजे गुरुद्वारा तंबू साहिब में इच्छुक संगतों को अमृत संचार भी कराया जाएगा। वहीं गुरु की लाडली फौज के नाम से जानी जाती निहंग सिंहों की टोलियां भी अपने शौर्य का प्रदर्शन करते हुए महल्ला निकालेंगी।

मलोट रोड पर मनोरंजन मेला भी शुरू हो गया है। गुरुघरों में माथा टेकने के उपरांत संगत परिवार समेत मनोरंजन मेला का आनंद उठाने पहुंची। मनोरंजन मेला 28 फरवरी तक चलेगा। वहीं मलोट रोड पर भी मेला ग्राउंड के आस-पास विभिन्न साजो-सामान की दुकानें व स्टालें लगने से रौनक मेला बढ़ गया है। लोहड़ी की रात जैसे ही संगतों का मुक्तसर आगमन शुरू हुआ तो शहर के दानी सज्जनों ने भी हर बार की तरह दिल खोलकर लंगर शुरू कर दिए। संगतों के स्वागत के लिए जगह-जगह विभिन्न प्रकार के लंगर चलते रहे। पुलिस प्रशासन द्वारा भी मेला माघी को लेकर सख्त सुरक्षा प्रबंध किए गए हैं।