सार
Kangana Ranaut: हिमाचल प्रदेश के मंडी से सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत की मानहानि की शिकायत रद्द करने संबंधी याचिका अगस्त में पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने खारिज कर दी थी। अब इस मामले में उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। इस मामले पर कल 12 सितंबर को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी।

विस्तार
सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत के खिलाफ 2020-21 के किसान विरोध प्रदर्शन के दौरान कथित रूप से अपमानजनक टिप्पणी करने का मामला कोर्ट में है। कंगना ने कथित तौर पर महिला किसान महिंदर कौर पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। जिस पर महिंदर कौर ने कंगना के खिलाफ मानहानि की शिकायत दर्ज कराई थी। कंगना ने इस शिकायत को रद्द करने के लिए हाईकोर्ट में गुहार लगाई, मगर उन्हें वहां राहत नहीं मिली और पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने उनकी याचिका खारिज कर दी थी। इसके बाद कंगना ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया। कंगना की मानहानि की शिकायत रद्द करने संबंधी मामले पर कल 12 सितंबर को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होगी।
सुप्रीम कोर्ट में होगी सुनवाई
न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक सुप्रीम कोर्ट कल शुक्रवार 12 सितंबर को अभिनेत्री और भाजपा सांसद कंगना रनौत की याचिका पर सुनवाई करेगा, जिसमें 2020-21 के किसान विरोध प्रदर्शन के संबंध में कथित रूप से अपमानजनक टिप्पणी करने के लिए उनके खिलाफ मामला रद्द करने से उच्च न्यायालय के इनकार को चुनौती दी गई है। न्यायमूर्ति विक्रम नाथ और न्यायमूर्ति संदीप मेहता की पीठ इस मामले की सुनवाई करेगी।
किसने दर्ज कराई थी शिकायत?
अभिनेत्री से अब सांसद बन चुकीं कंगना रनौत ने अपने खिलाफ मानहानि के मुकदमे को चुनौती दी थी, जो उनके उस रीट्वीट से के बाद किया गया, जिसमें 2020-21 के किसान विरोध प्रदर्शन के दौरान एक महिला प्रदर्शनकारी के बारे में उनकी कथित अपमानजनक टिप्पणी शामिल थी। यह टिप्पणी अब निरस्त हो चुके कृषि कानूनों के खिलाफ थी। यह शिकायत 2021 में पंजाब के बठिंडा जिले के बहादुरगढ़ जांदिया गांव की रहने वाली महिंदर कौर (73) ने दर्ज कराई थी।
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने क्या कहा था?
बठिंडा की एक अदालत में दायर उनकी शिकायत में कहा गया है कि अभिनेत्री ने एक रीट्वीट में उनके खिलाफ झूठे आरोप और टिप्पणियां कीं और कहा कि वही ‘दादी’ यानी बिलकिस बानो हैं, जो शाहीन बाग विरोध प्रदर्शन का हिस्सा थीं। पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय ने 1 अगस्त को कंगना रनौत की याचिका खारिज करते हुए अपने आदेश में कहा, ‘याचिकाकर्ता, जो एक सेलिब्रिटी हैं, उनके खिलाफ विशिष्ट आरोप हैं कि रीट्वीट में उनके द्वारा लगाए गए झूठे और मानहानिकारक आरोपों ने प्रतिवादी की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाई है और उनकी अपनी और दूसरों की नजर में भी उनकी छवि को कमजोर किया है। इसलिए, अपने अधिकारों की रक्षा के लिए शिकायत दर्ज करना दुर्भावनापूर्ण नहीं कहा जा सकता’।
कथित विवादित ट्वीट में कंगना ने क्या कहा?
यह विवाद एक ट्वीट को लेकर है, जिसे कंगना ने किसान आंदोलन के दौरान पोस्ट किया था। उन्होंने एक ट्वीट को रीट्वीट करते हुए लिखा था कि ‘हा हा हा यह वही दादी हैं जो टाइम मैगजीन में सबसे प्रभावशाली भारतीय के तौर पर आई थीं… और यह 100 रुपये में उपलब्ध हैं।’