Jhunjhunu News: लड़की की गुमशुदगी के बाद पुलिस के बर्ताव से गुस्साए ग्रामीण, जसरापुर-खेतड़ी मार्ग पर जाम लगाया

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Shikha Bhardwaj

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झुंझुनू जिले के जसरापुर गांव में वार्ड नंबर 13 की एक युवती अचानक लापता हो गई, जिससे गांव और आसपास के इलाकों में सनसनी फैल गई। परिजनों ने खुद काफी तलाश की लेकिन कोई सुराग न लगने पर खेतड़ी नगर थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।

ग्रामीणों का आरोप है कि शिकायत दर्ज होने के बावजूद पुलिस ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। इससे गुस्साए ग्रामीण मंगलवार सुबह बड़ी संख्या में सड़क पर उतर आए और जसरापुर-खेतड़ी मार्ग को जाम कर दिया। जाम के चलते घंटों तक यातायात ठप रहा और आमजन, खासकर स्कूल जाने वाले बच्चे परेशान होते रहे।Angry villagers blocked the grazing road, hundreds of vehicles were  stranded for 10 hours, agreed on the assurance of police | गुस्साए  ग्रामीणों ने चराई मार्ग पर लगाया जाम, 10 घंटे तकप्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि जसरापुर के पास एक अज्ञात युवती का शव देखा गया था, लेकिन बाद में वह गायब मिला। इससे ग्रामीणों को शक है कि कहीं प्रशासन मामले को दबाने की कोशिश तो नहीं कर रहा। प्रदर्शन का नेतृत्व राजकुमार सिंह निर्वाण कर रहे थे। उन्होंने प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि 72 घंटे में युवती का पता नहीं लगाया गया तो आंदोलन और उग्र किया जाएगा।

करीब तीन घंटे तक स्थिति तनावपूर्ण रही। बाद में पुलिस और प्रशासन के आश्वासन पर ग्रामीणों ने जाम खोल दिया, लेकिन साफ कहा कि इस बार वे सिर्फ नतीजे चाहते हैं, केवल वादों से काम नहीं चलेगा।

ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस की ढिलाई से अपराधियों का हौसला बढ़ रहा है और बेटियों की सुरक्षा लगातार खतरे में है। हर बार महज औपचारिकता निभाकर पुलिस मामले को टाल देती है, लेकिन घटनाओं में कमी नहीं आ रही। तीन घंटे तक चले इस धरने ने जिले में पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब सबकी नजरें इस पर टिकी हैं कि क्या पुलिस तय समय में युवती को सुरक्षित ढूंढ पाएगी या फिर आंदोलन और तेज होगा।

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Author: Shikha Bhardwaj

सबसे ज्यादा पड़ गई

आरोप है कि करीब 45 मिनट बाद फैक्टरी के कुछ वर्कर, जिनका नेतृत्व वर्क हाउस मैनेजर पारस कर रहा था, ने आयकर टीम पर हमला बोल दिया। टीम के सदस्य जब अपनी जान बचाने के लिए गाड़ियों में बैठे तो आरोपियों ने उन्हें बाहर खींचने की कोशिश की। टीम की अर्टिगा गाड़ी पर भारी पथराव किया गया, जिससे उसके शीशे टूट गए। हमले में ड्राइवर जगदीप को गंभीर चोटें आई हैं। एक अन्य हुंडई वर्ना गाड़ी के हैंडल तोड़ दिए और ड्राइवर के साथ हाथापाई कर उसके कपड़े फाड़ दिए। सरकारी दस्तावेज और मुहर फैक्ट्री में छूटे टीम के अनुसार, हमले के दौरान टीम को जान बचाकर भागना पड़ा। इस दौरान आयकर अधिकारी अमरजीत की कुछ किताबें, आधिकारिक मुहर और मोबाइल चार्जर फैक्टरी परिसर में ही छूट गए। मौके पर मौजूद एएसआई तेजपाल ने किसी तरह टीम को सुरक्षित बाहर निकाला, जिसके बाद जॉइंट कमिश्नर शक्ति सिंह भी मौके पर पहुंचे।