इन दिनों देश में खूब गर्मी पड़ रही है। लगातार भीषण लू और गर्म हवाएं लोगों को तड़पा रही हैं। लोग दम भी तोड़ रहे हैं। मगर पुरानी रिपोर्टिंग प्रणाली से मरने वालों की सही संख्या सामने नहीं आ पा रही है। इसके चलते मौतों की संख्या कम करने और इससे बचाव के उपायों पर काम नहीं हो पा रहा है।

भारत में गर्मी जान ले रही है। इन दिनों भीषण लू और गर्मी से हालात बिगड़ते जा रहे हैं। मगर सिस्टम की खामी से मरने वालों के सही आंकड़े सामने नहीं आ पा रहे हैं। हालात यह हैं कि देश में तीन अलग-अलग सिस्टम गर्मी से मरने वालों के अलग-अलग आंकड़े देते हैं। इसके चलते तमाम लोगों की मौत को न गर्मी से रिपोर्ट किया जाता है और न ही उनको मुआवजा मिल पाता है।




