
थाना समाधान दिवस के नाम पर जिले में बस रस्म अदायगी की जा रही है। यही वजह है कि इस दिवस से लोगों का मोह भंग हो रहा है और इक्का-दुक्का फरियादी ही इनमें अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं। शनिवार को भी जिले के सभी थानों में आयोजित समाधान दिवस में ऐसा ही नजारा दिखाई दिया। कुछ थानों में तो अफसर दिन भर फरियादियों का इंतजार करते रहे, लेकिन यहां एक भी फरियादी फरियाद लेकर नहीं पहुंचा।जिन थानों में समस्याएं आईं, वहां कुछ का ही मौके पर निस्तारण किया गया, जबकि बाकी समस्याओं को हर बार की तरह जल्द से जल्द निस्तारण के निर्देशों के साथ संबंधित अधिकारियों को भेज दिया गया।
थाना सहपऊ में नहीं पहुंचा एक भी फरियादी
थाना सहपऊ में नायाब तहसीदार अशोक कुमार की अध्यक्षता में थाना समाधान दिवस का आयोजन किया गया। सुबह दस बजे ही अफसर फरियादियों की समस्याओं के समाधान के लिए थाने में बैठ गए। अफसर इंतजार करते रहे, लेकिन एक भी फरियादी नहीं पहुंचा। थाना दिवस में शिकायतों की संख्या शून्य रही।
सदर कोतवाली में भी फरियादियों की संख्या रही शून्य
अपर पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार की अध्यक्षता में सदर कोतवाली में आयोजित थाना समाधान दिवस में राजस्व कर्मियों की टीम भी मौजूद रही। अफसर यहां बैठकर दिन भर फरियादियों का इंतजार करते रहे, लेकिन एक भी फरियादी नहीं पहुंचा। नतीजा, अफसर मायूस होकर लौट गए।