मेरठ सामूहिक हत्याकांड में एक और नया खुलासा हुआ है। कातिल नईम महाराष्ट्र और दिल्ली में भी हत्या कर चुका है। कत्ल के बाद किलर नईम नाम और पत्नी बदल देता है। शातिर अपराधी नईम सुहेल गार्डन में दंपती और तीन बेटियों की हत्या में नामजद है।

25 हजार का इनाम घोषित
सुहेल गार्डन में नौ जनवरी को दंपती और तीन मासूम बच्चियों की हत्या कर दी गई। मृतका आसमा के भाई आमिर अहमद ने जीजा मोईन के सौतेले भाई नईम, तसलीम, नजराना व अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने तसलीम और नजराना को गिरफ्तार कर लिया, जबकि नईम अभी हाथ नहीं लगा है। एसएसपी ने 25 हजार का इनाम किया हुआ है। पुलिस ने नईम व तसलीम का आपराधिक रिकॉर्ड खंगाल लिया। इसमें पता चला कि महाराष्ट्र और दिल्ली पुलिस भी नईम की तलाश में कई वर्षों से लगी है।
दिल्ली और महाराष्ट्र में नाम बदलकर रहते थे नईम और तसलीम
जानकारी मिली कि नईम और तसलीम शातिर अपराधी है। वह अपने नाम बदलकर दिल्ली और महाराष्ट्र में रहते थे। महाराष्ट्र में एक प्लॉट के विवाद में दोनों भाइयों ने दो कारोबारियों की हत्या कर दी और दोनों के शव उसी प्लॉट में दबा दिए थे। दिल्ली में भी एक रिश्तेदार की हत्या करना बताया है। दिल्ली, महाराष्ट्र और मेरठ पुलिस ने नईम की तलाश तेज कर दी। वह अजमेर और महाराष्ट्र के नासिक में छुपा हो सकता है, इसका अंदेशा देखते हुए मेरठ पुलिस की 2 टीम ने वहां पर डेरा डाला हुआ है, जबकि पुलिस की एक टीम उत्तराखंड में है।
महाराष्ट्र में हुसैन, दिल्ली में गुड्डू उर्फ नासिर
जांच में सामने आया कि नईम ने महाराष्ट्र में अपना नाम हुसैन और दिल्ली में गुड्डू रखा हुआ था। उसने चार-पांच निकाह कर रखे हैं। तीनों राज्य में उसकी बीवी रहती हैं, जिनके बच्चे भी हैं। वह प्रॉपर्टी के लिए कब किसकी हत्या कर दे, कोई नहीं जानता था। परिवार के लोग भी उससे डरते थे, लेकिन उसके द्वारा अपराध से अर्जित पैसा लेते थे। पांच लोगों की हत्या नईम ने की है, ये बात पहले दिन से परिवार के लोगों को पता था। मोईन के साले ने पूरी कहानी बताई, तब जाकर पुलिस ने जांच में जुटी।
नईम पर 50 हजार के नाम की तैयारी है। एसएसपी ने संस्तुति कर दी है, अब फाइल डीआईजी रेंज कलानिधि नैथानी को भेजी जाएगी। उसके मकान की कुर्की वारंट लेने की भी पुलिस तैयारी कर रही है। पुलिस को एक सीसीटीवी मिला है। बृहस्पतिवार सुबह 9:30 बजे एक बाइक पर नईम व सलमान जाते दिखाई दिए। इसके आधार पर पुलिस ने सलमान को भी हत्या के मुकदमे में नामजद कर लिया। सलमान को नईम अपना दत्तक पुत्र बताता है। इस सामूहिक हत्याकांड में नईम, तसलीम के साथ परिवार की भूमिका भी संदिग्ध है। एसएसपी विपिन ताडा ने सलमान पर भी 25 हजार का इनाम घोषित कर दिया है।
मेरठ के लिसाड़ीगेट के सुहेल गार्डन में राजमिस्त्री मोईन उर्फ मोईनुद्दीन (52), उनकी पत्नी आसमा (45) और उनकी तीन बेटियां अफ्सा (8), अजीजा (4) और अदीबा (1) की पत्थर काटने वाली मशीन से गला काटकर निर्मम हत्या कर दी गई। बृहस्पतिवार रात 8:30 बजे मोईनुद्दीन के दो भाई वहां पहुंचे तो अंदर का मंजर देखकर उनकी चीख निकल गई। बेड के पास मोईन और बेड के अंदर बॉक्स में उनकी पत्नी और तीनों बेटियों के रक्तरंजित शव मिले। जानकारी लगते ही पुलिस अधिकारी पहुंच गए।
एसएसपी विपिन ताडा ने बताया कि मोईनुद्दीन डेढ़ महीने पहले रुड़की से परिवार के साथ सुहेल गार्डन में आए थे। 30 गज का मकान किराए पर लिया। मकान के बराबर में प्लॉट खरीदकर वो अपने मकान का निर्माण करा रहे थे। बृहस्पतिवार को निर्माणाधीन मकान पर मोईनुद्दीन और उनका परिवार नहीं दिखाई दे रहा था, जबकि बुधवार को ही निर्माणाधीन मकान में लिंटर डाला गया था। मोईन के भाई उन्हें फोन कर रहे थे, मगर फोन नहीं उठ रहा था। इसके चलते रात में मोईनुद्दीन के भाई तसलीम और मोबीन सुहेल गार्डन पहुंचे। मोईन के किराए वाले घर के गेट पर ताला लगा था।
अनहोनी की आशंका में ताला तोड़कर वह घर में घुसे तो बेड के पास चादर में लिपटी मोईन की लाश पड़ी थी। चादर की गठरी सी बनाई हुई थी। खून के निशान देखकर बेड का बॉक्स खोलकर देखा तो बाकी चारों लाशें वहां थीं। दोनों छोटी बच्चियों के शव बोरियों में बंद थे। परिवार के पांच लोगों की हत्या का पता लगते ही भीड़ मौके पर पहुंच गई। सूचना पर पुलिस अधिकारी पहुंचे। पुलिस ने मकान को सील कर दिया और फॉरेंसिक टीम को बुलाकर जांच शुरू कर दी।
अंदेशा, पहले मोईनुद्दीन, फिर परिवार को मार डाला
पत्थर काटने वाली मशीन से परिवार के पांचों लोगों का गला काटा गया है। मौके पर खून से सनी पत्थर काटने वाली मशीन मिली। फॉरेंसिक टीम ने मशीन को कब्जे में ले लिया है। अंदेशा जताया गया कि बदमाशों ने पहले मोईनुद्दीन की हत्या की और उसके बाद परिवार को मार डाला। पुलिस अधिकारियों ने क्राइम सीन भी किया है।