Unnao News: पुरवा में फर्जी स्वयं सहायता समूह बनाकर 11 लाख रुपये गबन करने वाले बीएमएम दीपराज को डीएम ने समीक्षा बैठक के दौरान पुलिस से गिरफ्तार करवाया। मामले में तीन महिलाओं पर भी प्राथमिकी दर्ज है और पिछले चार वर्षों के वित्तीय लेन-देन की जांच शुरू कर दी गई है।

उन्नाव जिले में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत पुरवा में फर्जी समूहों का गठन करके 11 लाख रुपये के गबन के आरोपी ब्लाॅक मिशन प्रबंधक (बीएमएम) को कोतवाली पुलिस ने डीएम की बैठक से गिरफ्तार कर लिया। विकास भवन में हो रही बैठक में डीएम को जब आरोपी की मौजूदगी की जानकारी हुई तो कड़ी नाराजगी जताते हुए तुरंत पुलिस बुलाकर पकड़वाया।
पुरवा में जनसुनवाई पोर्टल पर फर्जी समूह गठित करके सरकारी धन हड़पने की आई शिकायत पर डीएम ने जांच टीम गठित की थी। टीम में उपायुक्त स्वत: रोजगार भानु प्रताप सिंह, जिला मिशन प्रबंधक प्रदीप कुमार, अशोक कुमार व रजीउल हसन ने पुरवा विकासखंड आकर जांच की थी। बैंक स्टेटमेंट, अन्य अभिलेखों के साथ स्थलीय सत्यापन में जानकारी हुई थी।
पुरवा बीडीओ ने कोतवाली में दी थी तहरीर
ब्लाॅक में तैनात बीएमएम दीपराज ने कूटरचित कागजों के आधार पर फर्जी समूहों का खाता खुलवाकर पहले शासन से जारी बजट उसमें ट्रांसफर कराया। फिर अलग-अलग तिथियों में 2.20 लाख, 1.10 लाख, डेढ़ लाख सहित करीब 11 लाख निकालकर सरकारी बजट हड़प लिया। पुरवा बीडीओ डॉ. संतोष श्रीवास्तव ने पुरवा कोतवाली में तहरीर दी थी।
बैठक से ही आरोपी दीपराज को गिरफ्तार कर लिया
मामले में पुरवा में बीएमएम पर प्राथमिकी दर्ज हुई थी। सोमवार शाम को विकासभवन में डीएम घनश्याम मीना ने बैठक में एनआरएलएम के समूहों की प्रगति की जानकारी ली। इसी दौरान डीएम को जानकारी हुई कि सरकारी धन हड़पने का आरोपी बीएमएम बैठक में ही मौजूद है। इस पर तुरंत एसपी से फोन पर बात की। इसके बाद कोतवाली पुलिस पहुंची और बैठक से ही आरोपी दीपराज को गिरफ्तार करके साथ लेकर चली गई।
तीन महिलाओं पर भी दर्ज है प्राथमिकी
सरकारी धन के हड़पने के मामले में बीएमएम दीपराज के साथ समूह की प्रमिला, नीलू यादव व ममता की भी संलिप्तता पाई गई थी। इसी कारण बीएमएम के साथ तीनों महिलाओं पर भी प्राथमिकी दर्ज है। अभी गिरफ्तारी नहीं हुई है।
चार वर्षों में कराए भुगतान की कमेटी से जांच कराने के निर्देश
बैठक में डीएम ने पुरवा खंड विकास अधिकारी पर भी कड़ी नाराजगी जताई। कहा कि मामले में जितने भी कर्मी दोषी हों, उन पर तुरंत प्राथमिकी दर्ज कराएं। इसके अलावा पूर्व में निरीक्षण के दौरान कमियां मिलने पर असोहा विकासखंड के कंप्यूटर ऑपरेटर पर भी प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए। डीएम ने एनआरएलएम में पिछले चार वर्षों पर कराए गए भुगतान की कमेटी बनाकर जांच कराने के निर्देश सीडीओ को दिए।
पुरवा कोतवाली में बीएमएम सहित चार पर सरकारी धन के गबन सहित अन्य धाराओं में प्राथमिकी दर्ज है। समूह के सभी खातों की जांच के लिए बीडीओ से डिटेल मांगी गई है। मामले की विवेचना कर रहे उपनिरीक्षक द्वारा गहनता से जांच की जा रही है। मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद जांच में तेजी आएगी। -भवन सिंह मौर्य, कोतवाल पुरवा