
रसोई गैस सिलेंडर की भारी किल्लत ने आम उपभोक्ताओं की कमर तोड़ दी है। गैस एजेंसी पर सुबह से ही लंबी-लंबी कतारें लग रही हैं, लेकिन घंटों इंतजार करने के बाद भी बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं को खाली हाथ लौटना पड़ रहा है। सबसे ज्यादा परेशानी का सामना ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को करना पड़ रहा है।
मंगलवार को इंण्डेन गैस ऐजेंसी पर लगी उपभोक्ताओं की लंबी लाईन में खडे लोगों का कहना है कि सिलेंडर की बुकिंग के बाद भी समय पर डिलीवरी नहीं मिल पा रही है। विवश होकर लोग खुद गैस एजेंसी के चक्कर काट रहे हैं। सुबह होते ही एजेंसी पर सैकड़ों लोगों की भीड़ जमा हो जाती है, जो अपनी बारी का इंतजार करते हैं। कई उपभोक्ता ऐसे हैं जो अपने दैनिक कार्यों को छोड़कर लाइन में लगे रहते हैं, लेकिन जब गैस उपलब्ध नहीं होती, तो उन्हें निराश होकर वापस घर लौटना पड़ता है। ग्रामीण इलाकों के निवासियों के लिए यह समस्या और भी विकराल हो गई है। दूर-दराज के गांवों से आने वाले लोग टेंपो, ई-रिक्शा आदि में किराया खर्च कर एजेंसी तक पहुँचते हैं, लेकिन गैस न मिलने की स्थिति में उनका दिन और पैसा दोनों बर्बाद हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्हें समय पर सूचना भी नहीं दी जाती कि गैस उपलब्ध है या नहीं। लगातार बढ़ रही इस किल्लत ने स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। उपभोक्ताओं ने मांग की है कि गैस एजेंसी संचालक और प्रशासन इस मामले को गंभीरता से लें। यदि सिलेंडर की उपलब्धता नहीं है, तो इसकी स्पष्ट जानकारी लोगों को दी जानी चाहिए ताकि वे व्यर्थ ही परेशान न हों।
Author: Sunil Kumar
SASNI, HATHRAS



