जीआरपी इंस्पेक्टर दिलबाग सिंह ने बताया “पहले परिजनों ने शव लेने से साफ मना कर दिया था, लेकिन अब उन्होंने हमसे संपर्क कर सोमवार तक का समय मांगा है।

राजपुरा-शंभू रेलवे ट्रैक पर हुए बम ब्लास्ट मामले में एक नया मोड़ आया है। ब्लास्ट के दौरान मौके पर ही मारे गए आरोपी जगरूप सिंह का शव बीते 28 तारीख से राजपुरा के सिविल अस्पताल की मोर्चरी में रखा हुआ है। शव की शिनाख्त और कागजी कार्रवाई पूरी करने के लिए बीते शनिवार को जीआरपी के इंस्पेक्टर दिलबाग सिंह की अगुवाई में एक टीम आरोपी जगरूप के पैतृक घर तरनतारन पहुंची थी।
ब्लास्ट से चंद घंटे पहले का सीसीटीवी आया सामने, पैदल जाते दिखे दोनों आरोपी निहंग
गौरतलब है कि इस फुटेज के सामने आने के कुछ ही घंटों बाद राजपुरा-शंभू रेलवे ट्रैक पर एक जोरदार धमाका हुआ था। इसी धमाके में बम प्लांट करने गए जगरूप के परखच्चे उड़ गए थे और उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी।
सीसीटीवी फुटेज पर डीएसपी मनजीत सिंह का बयान
जब इस नए सीसीटीवी फुटेज के संबंध में राजपुरा के डीएसपी मनजीत सिंह से बात की गई, तो उन्होंने कहा, “बम ब्लास्ट के आरोपियों की राजपुरा से जाते समय की सीसीटीवी फुटेज अभी मेरे संज्ञान में नहीं आई है और न ही मैंने देखी है इसलिए इस पर अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। हालांकि, डीएसपी ने सुरक्षा व्यवस्था पर जोर देते हुए कहा कि पुलिस प्रशासन पूरी तरह चौकस है। शहर के मुख्य स्थानों और संवेदनशील इलाकों में बड़े स्तर पर नाकाबंदी की गई है। संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखी जा रही है और हर संदिग्ध व्यक्ति की गहनता से जांच की जा रही है ताकि कानून व्यवस्था को कायम रखा जा सके।