चंडीगढ़, मोहाली और पंचकूला की कई गैस एजेंसियों पर उपभोक्ताओं की लंबी कतारें देखी जा रही हैं। लोगों के अनुसार गैस बुकिंग के लिए दिए गए नंबर काम नहीं कर रहे हैं या बार-बार कॉल करने पर भी जवाब नहीं मिल रहा।

चंडीगढ़, पंचकूला और मोहाली में इन दिनों रसोई गैस की बुकिंग और डिलीवरी को लेकर आम लोगों की परेशानी बढ़ गई है। चंडीगढ़, मोहाली और पंचकूला में घरेलू और कॉमर्शियल एलपीजी सिलिंडरों की सप्लाई में आ रही दिक्कतों के कारण उपभोक्ताओं के साथ-साथ होटल, ढाबा और कैटरिंग कारोबारियों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
सप्लाई न होने से वितरण मुश्किल
चंडीगढ़ में कई गैस एजेंसियों ने कॉमर्शियल सिलिंडरों की सीमित उपलब्धता के चलते हाथ खड़े कर दिए हैं। एजेंसी संचालकों का कहना है कि कंपनियों से सिलिंडरों की नियमित सप्लाई नहीं मिल पा रही, जिसके कारण मांग के अनुसार वितरण करना मुश्किल हो रहा है। हालात यह हैं कि जिस होटल या रेस्टोरेंट को पांच सिलेंडरों की जरूरत है, उसे एक सिलेंडर से ही काम चलाना पड़ रहा है।
होटलों के मेन्यू में बदलाव
सेक्टर-35, सेक्टर-7 और सेक्टर-26 के होटल और रेस्टोरेंट संचालकों के अनुसार गैस की कमी के कारण उन्हें अपने मेन्यू में बदलाव करना पड़ रहा है। कई जगहों पर उन व्यंजनों को अस्थायी रूप से हटा दिया गया है जिनमें गैस की खपत ज्यादा होती है। कुछ प्रतिष्ठानों में पीएनजी गैस की सुविधा होने के कारण फिलहाल कामकाज जारी है लेकिन एलपीजी पर निर्भर होटल और ढाबे मुश्किल में हैं।
कोयले की भट्टी और इंडक्शन का सहारा
कॉमर्शियल गैस की कमी से निपटने के लिए कई होटल और रेस्टोरेंट संचालकों ने वैकल्पिक व्यवस्था शुरू कर दी है। कुछ जगहों पर कोयले की भट्टी और इंडक्शन चूल्हों का उपयोग किया जा रहा है ताकि गैस की बचत हो सके। होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन के प्रतिनिधियों का कहना है कि गैस की सीमित उपलब्धता के कारण स्टाफ को भी गैस के उपयोग में सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं।