Iran-Israel War: होर्मुज बंद, व्यापार डुबो रहे लौटते जहाज; तीन हजार करोड़ के उत्पादों के निर्यात पर संकट

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Iran-Israel War: होर्मुज बंद होने से लौटते जहाज व्यापार डुबो रहे हैं। यूपी से तीन हजार करोड़ के मीट, सब्जी और डेयरी उत्पादों के निर्यात पर संकट खड़ा हो गया है।

Strait of Hormuz closed due to Iran-Israel War UP export of products worth three thousand crore is in danger

पश्चिम एशिया जाने वाले समुद्री मार्ग में बाधा के कारण भारत से भेजे गए कई निर्यात जहाजों को बीच रास्ते से लौटना पड़ रहा है। केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने इस स्थिति में विशेष प्रक्रिया लागू करते हुए नया सर्कुलर जारी किया है। उत्तर प्रदेश के निर्यातकों पर 3000 करोड़ का सीधा असर पड़ रहा है, क्योंकि राज्य से बड़ी मात्रा में कृषि उत्पाद, प्रसंस्कृत खाद्य सामग्री और इंजीनियरिंग सामान खाड़ी देशों को भेजे जाते हैं।

केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) ने आठ मार्च को जारी सर्कुलर में कहा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य बंद होने से अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्ग प्रभावित हुए हैं। कई जहाज अपने गंतव्य तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। ऐसे जहाजों को भारतीय बंदरगाहों पर वापस लाने और उनमें लदे निर्यात कार्गो को संभालने के लिए सरलीकृत प्रक्रिया लागू की गई है।

शिपिंग बिल और दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा

यदि जहाज भारतीय समुद्री सीमा के भीतर है या अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र से बिना किसी विदेशी बंदरगाह पर रुके वापस लौटता है तो उसे उसी भारतीय बंदरगाह पर लगने की अनुमति दी जाएगी, जहां से वह रवाना हुआ था। ऐसे मामलों में कंटेनरों को बंदरगाह पर उतारकर शिपिंग बिल और अन्य दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा। आवश्यक होने पर निर्यात आदेश (लेट एक्सपोर्ट ऑर्डर) भी रद्द किया जाएगा।

जिन शिपिंग बिलों के आधार पर निर्यात प्रोत्साहन जैसे आईजीएसटी रिफंड या ड्रा-बैक जारी हो चुके हैं, उनकी वसूली भी की जाएगी। साथ ही इन मामलों की जानकारी आरबीआई, डीजीएफटी और अन्य एजेंसियों के साथ साझा की जाएगी।

निर्यातकों की लागत बढ़ने की आशंका

उत्तर प्रदेश से बड़ी मात्रा में चावल, गेहूं उत्पाद, मांस, डेयरी उत्पाद, कारपेट, पीतल उत्पाद और रेडीमेड गारमेंट्स खाड़ी देशों को भेजे जाते हैं। इनका बड़ा हिस्सा समुद्री मार्ग से ही जाता है। ऐसे में जहाजों के लौटने या देरी से पहुंचने से निर्यातकों की लागत बढ़ने की आशंका है।

 

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Author: ILMA NEWSINDIA

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