पंजाब के जालंधर में किसानों ने 4.30 घंटे तक हाईवे जाम किया। किसानों के धरने में शामिल होने पहुंच रहे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल को पुलिस ने पहले ही हिरासत में ले लिया।

जमशेर खास में प्रस्तावित बायो-गैस/बायो-फ्यूल प्लांट के विरोध में किसानों की तरफ से दिया जा रहा आखिरकार साढ़े चार घंटे बाद खत्म हो गया। सुबह किसान अमृतसर-दिल्ली हाईवे जाम करने पहुंचे, लेकिन पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इसके बाद किसान सोफी पिंड रोड पर धरने पर बैठ गए और सरकार व प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की।
भारतीय किसान यूनियन एकता सिद्धूपुर के प्रदेश अध्यक्ष जगजीत सिंह डल्लेवाल को पुलिस ने हिरासत में लिया है। डल्लेवाल जालंधर में चल रहे किसानों के धरने में शामिल होने जा रहे थे। तभी उन्हें मुक्तसर पुलिस ने हिरासत में ले लिया। डल्लेवाल को थाना सदर ले जाया गया।
किसान यूनियन सिद्धूपुर के नेताओं ने मांग उठाई कि प्लांट को आबादी से दूर शिफ्ट किया जाए, क्योंकि इससे आसपास के लोगों की सेहत और पर्यावरण को खतरा हो सकता है। मौके पर पहुंचे एडीसीपी हरविंदर गिल ने किसानों से बातचीत कर माहौल शांत करवाया। धरने के दौरान नगर निगम की जॉइंट कमिश्नर मनदीप कौर भी मौके पर पहुंचीं। उन्होंने किसानों को आश्वासन दिया कि उनकी मांग पर गंभीरता से विचार किया जाएगा। यदि निगम के पास उपयुक्त जमीन उपलब्ध हुई तो प्लांट को दूसरी जगह शिफ्ट करवाया जाएगा। इस मामले में 5 फरवरी तक फैसला लेने का भरोसा दिया गया। आश्वासन मिलने के बाद किसान धरने से उठ गए, लेकिन साफ चेतावनी दी कि यदि तय तारीख तक कोई समाधान नहीं निकला, तो वे फिर से हाईवे जाम करेंगे।
प्लांट को लेकर स्थानीय लोग, किसान और कुछ नेता लगातार चिंता जता रहे हैं। उनका कहना है कि प्लांट के लिए दो गेट बनाए जा रहे हैं, जिनमें से एक गेट मंडी की तरफ बन रहा है। किसानों के अनुसार यह फैसला गलत है और इससे मंडी की गतिविधियां प्रभावित हो सकती हैं। उन्होंने मांग की है कि इस गेट का निर्माण तुरंत रोका जाए।



