मुंबई महानगरपालिका (BMC) चुनाव में मिली हार के बाद शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे का गुस्सा खुलकर सामने आया है। कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि “मैं सिर्फ चेहरा हूं, असली ताकत आप लोग हैं और हमारी लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है।” ठाकरे ने सीधे तौर पर मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि सत्ता, पैसा और सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग से चुनाव को प्रभावित किया गया।

उद्धव ठाकरे ने कहा कि यह हार जनता की नहीं, बल्कि लोकतंत्र पर दबाव डालने वालों की जीत है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से निराश न होने की अपील करते हुए कहा कि संघर्ष का रास्ता लंबा है और सच्चाई की लड़ाई आगे भी जारी रहेगी। ठाकरे ने यह भी कहा कि मुंबई को तोड़ने और उसकी पहचान मिटाने की साजिश रची जा रही है, जिसे शिवसेना कभी बर्दाश्त नहीं करेगी।
सभा के दौरान उन्होंने शिंदे गुट पर हमला बोलते हुए कहा कि जिन्होंने पार्टी का नाम और निशान छीना, वे जनता का दिल नहीं छीन सकते। ठाकरे ने आरोप लगाया कि BMC चुनाव में धनबल का खुला खेल हुआ, लेकिन इसके बावजूद उनकी पार्टी को जो समर्थन मिला, वह आने वाले समय का संकेत है।
उन्होंने कहा कि मुंबई शिवसेना की आत्मा है और इसे बचाने की जिम्मेदारी हर शिवसैनिक की है। उद्धव ने कार्यकर्ताओं को बूथ स्तर पर फिर से मजबूत होने, लोगों के बीच जाने और जनता के मुद्दों पर संघर्ष करने का आह्वान किया।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि BMC की हार के बाद उद्धव ठाकरे अब आक्रामक रणनीति अपनाने की तैयारी में हैं। आने वाले दिनों में महाराष्ट्र की राजनीति और गरमाने के आसार हैं, क्योंकि दोनों गुटों के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है।