पुलिस को शक है कि हमलावरों ने रेकी के बाद वारदात को अंजाम दिया। फायरिंग के दौरान हमलावरों ने ऐसा वक्त चुना जब सड़क पर आवाजाही कम थी, जिससे साफ है कि बदमाश किसी बड़े नुकसान से ज्यादा डर का संदेश देना चाहते थे।

पंजाब में रंगदारी नेटवर्क का आतंक बढ़ रहा है। डीपी ज्वैलर्स के मालिक मुकंद लाल के घर और दुकान पर अज्ञात बदमाशों ने देर रात ताबड़तोड़ गोलियां चलाईं। पुलिस जांच में सामने आया है कि यह वारदात एक करोड़ की रंगदारी न देने के दबाव में अंजाम दी गई।
सूत्रों के मुताबिक, ज्वैलर को इससे पहले विदेशी नंबरों से धमकी भरी कॉल्स और मैसेज मिले थे। रंगदारी की रकम न देने पर बदमाशों ने सीधे फायरिंग कर खुलेआम दहशत फैलाने की कोशिश की। गनीमत रही कि घटना में कोई घायल नहीं हुआ।
पुलिस को शक है कि हमलावरों ने रेकी के बाद वारदात को अंजाम दिया। फायरिंग के दौरान हमलावरों ने ऐसा वक्त चुना जब सड़क पर आवाजाही कम थी, जिससे साफ है कि बदमाश किसी बड़े नुकसान से ज्यादा डर का संदेश देना चाहते थे।
जांच एजेंसियां इस वारदात को पंजाब-हरियाणा और विदेश बैठे गैंगस्टरों से जुड़े रंगदारी सिंडिकेट से जोड़कर देख रही हैं। पुलिस सीसीटीवी फुटेज, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और मोबाइल लोकेशन के जरिए आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से गोराया समेत आसपास के इलाकों में व्यापारी खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। व्यापार मंडलों ने प्रशासन से सुरक्षा बढ़ाने और दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।
फिल्लौर के विधायक बिक्रम चौधरी सहित कई नेताओं ने घटना को कानून-व्यवस्था की विफलता करार देते हुए सरकार से गैंगस्टर और रंगदारी नेटवर्क के खिलाफ कड़ा एक्शन लेने की मांग की है। पुलिस का दावा है कि आरोपियों की पहचान के लिए टीमें गठित कर दी गई हैं और जल्द ही बड़ी कार्रवाई हो सकती है।