सीतापुर जिले के सिधौली कोतवाली क्षेत्र की भंडिया चौकी के प्रभारी पर मंगलवार देर रात दुकान के बाहर सो रहे एक युवक को पीटने का आरोप है। बुधवार को उपचार के दौरान युवक ने जिला अस्पताल में दम तोड़ दिया। इस पर गुस्साए परिजनों ने ग्रामीणों के साथ मानपुर मार्ग पर जाम लगाकर प्रदर्शन किया।

सीतापुर जिले के सिधौली कोतवाली क्षेत्र के भंडिया चौकी इंचार्ज मणिकांत श्रीवास्तव ने मंगलवार देर रात दुकान के बाहर सो रहे सत्यपाल यादव (26) की पिटाई कर दी। इलाज के दौरान सत्यपाल ने बुधवार सुबह दम तोड़ दिया। इससे नाराज परिजनों ने ग्रामीणों के साथ महमूदाबाद मार्ग जाम कर दिया।
करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद किसी तरह जाम खुलवाया गया। पिता सोबरन की तहरीर पर चौकी इंचार्ज व उनके हमराही सिपाही पर गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज किया गया। वहीं, सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने घटनाक्रम को लेकर एक्स पर पोस्ट कर कानून व्यवस्था पर सवाल उठाया है।
जसवंतपुर गांव के मजरा कटसरैया निवासी सत्यपाल यादव की जाफरीपुरवा में परचून की दुकान है। वह मंगलवार रात दुकान के बाहर ही सो रहे थे। पिता सोबरन ने बताया कि देर रात चौकी इंचार्ज मणिकांत श्रीवास्तव हमराही के साथ गश्त कर रहे थे।
उन्होंने सत्यपाल को जगाकर पूछताछ की। आरोप है कि इसी बीच पुलिसकर्मियों ने सत्यपाल को लाठी और लात-घूंसों से पीट दिया। शोर सुनकर आंख खुली तो परिजनों को सूचना दी। इसके बाद दूसरे पुत्र विशाल मौके पर पहुंचे।
सत्यपाल को गंभीर हालत में सीएचसी सिधौली ले जाया गया। चिकित्सकों ने बुधवार सुबह जिला अस्पताल रेफर कर दिया, जहां इलाज के दौरान सत्यपाल ने दम तोड़ दिया।
दरोगा मणिकांत पर पीटने के बाद मरणासन्न छोड़कर जाने का आरोप
कोतवाली सिधौली क्षेत्र में जसवंतपुर गांव के मजरा कटसरैया निवासी सत्यपाल यादव (26) की जाफरीपुरवा में परचून की दुकान है। दरोगा मणिकांत ने उन्हें इसी दुकान के बाहर पीटा। मरणासन्न हालत में पड़े सत्यपाल का आसपास के दुकानदारों ने एक वीडियो बना लिया। यही वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
पहले तो सिधौली पुलिस मामले में लीपापोती करती नजर आई। इस वीडियो का एसपी अंकुर अग्रवाल ने संज्ञान लिया तो इंस्पेक्टर बलवंत शाही को फटकारा। यह वीडियो देखकर ही उन्होंने दरोगा मणिकांत श्रीवास्तव व हमराही पर गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज करवाया। अमर उजाला ऐसे किसी भी वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है।
ई बाबूजी हमका मारिन है
इस वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा है कि सत्यपाल सड़क पर पड़े हैं। इसमें दरोगा मणिकांत मौके पर खड़े हैं। एक ग्रामीण उनसे पूछ रहा है कि किसने मारा तो सत्यपाल दरोगा के लिए कहते नजर आ रहे हैं कि ई बाबूजी हमका मारिन हैं।
पहले इस मामले में एसपी अंकुर अग्रवाल को बताया गया कि सत्यपाल के पिता सोबरन ने उनकी पिटाई की है। जब मीडिया ने एसपी को सभी तथ्य बताए तो एसपी ने पुलिसकर्मियों को फटकारा।
मृतक के भाई का पुलिसकर्मियों पर सीधा आरोप
इसके बाद मृतक के भाई अमित यादव का भी एक वीडियो सामने आया, इसमें वह पुलिसकर्मियों पर सीधा आरोप लगाते नजर आए। आरोप लगाते समय अमित सीएचसी सिधौली में बेहोश होकर भी गिर पड़े। परिजन भी सत्यपाल की मौत पर बदहवास हो गए।
परिजनों ने लगाया जाम, तो पुलिस ने किया बल प्रयोग
सत्यपाल की मौत के बाद आक्रोशित परिजनों ने महमूदाबाद मार्ग को जाम कर दिया। परिजन पुलिसकर्मियों पर केस दर्ज करने की मांग करने लगे। इस दौरान इंस्पेक्टर बलवंत शाही व अन्य पुलिसकर्मियों ने परिजनों पर बल प्रयोग किया।
एक वीडियो में पुलिसकर्मी मृतक के परिवार की महिलाओं संग धक्कामुक्की करते नजर आए। महिलाओं को जबरन पुरुष पुलिसकर्मी हटाते नजर आए।
अविवाहित था सत्यपाल
सत्यपाल यादव अविवाहित था, उसके दो अन्य भाई भी हैं। सत्यपाल ही परचून की दुकान संभालता था। अन्य दो भाई पिता सोबरन संग खेती करते हैं, परिवार के पास 16 बीघे खेती भी है।
पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होगी। आरोपी दरोगा व उसके हमराही पर केस दर्ज कर लिया गया है। किन परिस्थितियों में घटना हुई, इसकी भी जांच की जाएगी। मृतक का पोस्टमार्टम करवा लिया गया है। बिसरा सुरक्षित रखा गया है। जांच जारी है।
चिकित्सकों के पैनल से पोस्टमार्टम कराया गया है। वीडियोग्राफी भी हुई है। केस दर्ज कर लिया गया है। पूरे मामले की गहनता से जांच होगी।

