रिपोर्टर रजनीश पाण्डेय सूरत गुजरात प्लानेट न्यूज़ भारी बारिश से गुजरात में हाल-बेहाल, सूरत के पास हुआ रेल हादसा, चार डिब्बे हुए बेपटरी

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Train Derail in Surat: भारी बारिश के बाद गुजरात के सूरत के पास उधना रेलवे यार्ड में ट्रेन के चार डिब्बे पटरी से उतर गए. हालांकि, घटना में जानमाल का नुकसान नहीं हुआ है. अधिकारी ने कहा कि चूंकि ट्रेन यार्ड में पटरी से उतरी और वह खाली थी, इसलिए कोई हताहत नहीं हुआ है. यह घटना उधना-दानापुर ट्रेन से जुड़ी है और यह तब हुई, जब ट्रेन पीछे जा रही थी. इससे कई डिब्बे पटरी से उतर गए.

गुजरात में भारी बारिश से ट्रेन कैंसिल

गुजरात में भारी बारिश के कारण कई ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है और उनके मार्ग में बदलाव किया गया है, खासकर पश्चिम रेलवे के वडोदरा डिवीजन में. इस बीच, मंगलवार को हुई मूसलाधार बारिश ने राज्य के कई हिस्सों में बाढ़ जैसी स्थिति पैदा कर दी. इससे ट्रेन सेवाएं और दैनिक जीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ.

लोगों ने सोशल मीडिया पर की शिकायत
यात्रियों में से एक ने सोशल मीडिया एक्स हैंडल पर लिखा, “प्रिय साथियो. मैं तेजस एक्सप्रेस 82901 में हूं.बारिश के कारण ट्रेन वडोदरा में रद्द कर दी गई है – कोई आधिकारिक सूचना नहीं. एसी बंद है. जहां बारिश के कारण सेवा प्रभावित हुई है, वहीं हमारे समानांतर चलने वाली वंदे भारत अहमदाबाद पहुंच गई है. हमें अपने हाल पर छोड़ दिया गया है. वडोदरा में बाढ़ आ गई है. कहीं जाना नहीं है. इस ट्रेन में वरिष्ठ नागरिक और बच्चे हैं. अगर वंदे भारत वडोदरा से अहमदाबाद जा सकती है तो अन्य ट्रेनें क्यों नहीं? निश्चित नहीं है कि क्या होने वाला है.”

उन्होंने कहा कि कोई भी अधिकारी यात्रियों से म‍िलने नहीं आया है, उन्होंने (रेलवे अधिकारी) बस एसी बंद कर दिया है और चले गए हैं, ‘उम्मीद है कि हम दम घुटने से बाहर निकल जाएंगे.’

उन्होंने कहा, “कुछ लोग हैं.स्वत: बंद होने वाले दरवाजे को खोलने में कामयाब रहे, ताकि हम सांस ले सकें. कुछ यात्रियों ने कुछ अधिकारियों का घेराव किया और वे हमें अहमदाबाद ले जाने के लिए तैयार हो गये. मैं बस यही उम्मीद करता हूं कि हम अहमदाबाद पहुंच जाएं.’ हम अन्य ट्रेनों की कीमत पर वंदे भारत को तरजीह देने की खबरें सुनते हैं, लेकिन मैंने इसे आज प्रत्यक्ष रूप से देखा. आपको यह बताने के लिए पोस्ट कर रहा हूं कि रेलवे और आईआरसीटीसी कैसे काम करते हैं.”

कई इलाके जलमग्न हो गए हैं, घुटनों तक पानी भर जाने से यातायात बाधित हो गया है और लोगों का जीवन प्रभावित हुआ है. अहमदाबाद एयरपोर्ट ने भी भारी बारिश के पूर्वानुमान को लेकर एडवाइजरी जारी की है.

इन ट्रेनों पर पड़ा असर
मंगलवार को वडोदरा डिवीजन के बाजवा स्टेशन पर जलभराव के कारण कई ट्रेनें प्रभावित हुईं, इसके कारण उन्हें रद्द करना पड़ा. इनमें महुवा-सूरत एक्सप्रेस (19256), हापा-मुंबई सेंट्रल दुरंतो एक्सप्रेस (12268), जामनगर-बांद्रा टर्मिनस हमसफर एक्सप्रेस (22924), दादर-भुज सयाजीनगरी एक्सप्रेस (20907), वडनगर-वलसाड सुपरफास्ट (20960), बांद्रा टर्मिनस शामिल हैं. – भुज कच्छ एक्सप्रेस (22955), वडोदरा – जामनगर इंटरसिटी एक्सप्रेस (22959), जामनगर – वडोदरा इंटरसिटी एक्सप्रेस (22960), वडोदरा – अहमदाबाद पैसेंजर (09495), अहमदाबाद – वडोदरा पैसेंजर (09496), प्रतापनगर – अलीराजपुर पैसेंजर (09181), और अलीराजपुर – प्रतापनगर पैसेंजर (09170) शाम‍िल हैं.

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Author: planetnewsindia

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सबसे ज्यादा पड़ गई

संजय भाटिया ने लोकसभा चुनाव में रचा था इतिहास संजय भाटिया कुरुक्षेत्र विश्वविद्याल ग्रेजुएट हैं। इनका जन्म हरियाणा के पानीपत जिले में हुआ है। वह भाजपा के महामंत्री भी रह चुके हैं। 2019 के लोकसभा चुनाव में भाजपा के प्रत्याशी संजय भाटिया ने अपने पहले ही लोकसभा चुनाव में इतिहास रच दिया था। उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी को 6.54 लाख मतों के अंतर से मात दी थी। संजय भाटिया ने प्रदेश के 53 साल के इतिहास में सबसे बड़ी जीत दर्ज की थी। उन्हें कुल 909432 वोट मिले थे। उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी कुलदीप शर्मा को 654269 वोटों के अंतर से हराया था। राहुल गांधी ने दिया था कर्मवीर के नाम का सुझाव वहीं कर्मवीर सिंह बौद्ध किसी भी गुट या खेमे से जुड़े हुए नेता नहीं माने जाते। यही कारण है कि उन्हें संगठन के भीतर एक संतुलित और सर्व स्वीकार्य चेहरे के रूप में देखा जा रहा है। वे ‘संविधान बचाओ अभियान’ में सक्रिय रूप से शामिल रहे हैं और जमीनी स्तर पर पार्टी के कार्यक्रमों में भागीदारी निभाते रहे हैं। एससी समुदाय से आने वाले कर्मवीर सिंह बौद्ध सामाजिक संतुलन के नजरिये से भी एक अहम दावेदार है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने स्वयं उनके नाम का सुझाव दिया है। अंबाला के मुलाना विधानसभा में रहने वाले कर्मवीर सिंह प्रशासकीय अधिकारी के पद से सेवानिवृत्त हुए हैं और लंबे समय से कांग्रेस से जुड़कर कार्य कर रहे थे। कांग्रेस ने उन्हें हिमाचल प्रदेश में एससी सेल का प्रभारी भी बनाया था। राष्ट्रीय स्तर पर वह कन्वीनर भी हैं।