सोनीपत में दर्दनाक हादसा: दो डॉक्टरों की हुई मौत, सड़क किनारे पेड़ से टकराई बाइक

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Two doctors died in a road accident at Sonipat

हरियाणा के सोनीपत जिले में बीती देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में एमडी की पढ़ाई कर रहे दो युवा डॉक्टरों की मौत हो गई। दोनों डॉक्टर भगत फूल सिंह राजकीय मेडिकल कॉलेज, खानपुर कलां में स्नातकोत्तर के छात्र थे।

Two doctors died in a road accident at Sonipat

दोनों शवों का किया अंतिम संस्कार 

सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। पोस्टमार्टम के बाद उनका अंतिम संस्कार भी यहीं किया गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार एक डॉक्टर तमिलनाडु और दूसरा त्रिपुरा का रहने वाला था। हादसे की खबर मिलने के बाद दोनों के परिवारों में शोक का माहौल है।

पुलिस कर रही जांच 

पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि हादसे के समय दोनों डॉक्टरों ने हेलमेट नहीं पहना हुआ था। फिलहाल पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है। अभी तक इस मामले में किसी की ओर से कोई औपचारिक शिकायत नहीं दी गई है।

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Author: PRIYA NEWSINDIA

सबसे ज्यादा पड़ गई

संजय भाटिया ने लोकसभा चुनाव में रचा था इतिहास संजय भाटिया कुरुक्षेत्र विश्वविद्याल ग्रेजुएट हैं। इनका जन्म हरियाणा के पानीपत जिले में हुआ है। वह भाजपा के महामंत्री भी रह चुके हैं। 2019 के लोकसभा चुनाव में भाजपा के प्रत्याशी संजय भाटिया ने अपने पहले ही लोकसभा चुनाव में इतिहास रच दिया था। उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी को 6.54 लाख मतों के अंतर से मात दी थी। संजय भाटिया ने प्रदेश के 53 साल के इतिहास में सबसे बड़ी जीत दर्ज की थी। उन्हें कुल 909432 वोट मिले थे। उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी कुलदीप शर्मा को 654269 वोटों के अंतर से हराया था। राहुल गांधी ने दिया था कर्मवीर के नाम का सुझाव वहीं कर्मवीर सिंह बौद्ध किसी भी गुट या खेमे से जुड़े हुए नेता नहीं माने जाते। यही कारण है कि उन्हें संगठन के भीतर एक संतुलित और सर्व स्वीकार्य चेहरे के रूप में देखा जा रहा है। वे ‘संविधान बचाओ अभियान’ में सक्रिय रूप से शामिल रहे हैं और जमीनी स्तर पर पार्टी के कार्यक्रमों में भागीदारी निभाते रहे हैं। एससी समुदाय से आने वाले कर्मवीर सिंह बौद्ध सामाजिक संतुलन के नजरिये से भी एक अहम दावेदार है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने स्वयं उनके नाम का सुझाव दिया है। अंबाला के मुलाना विधानसभा में रहने वाले कर्मवीर सिंह प्रशासकीय अधिकारी के पद से सेवानिवृत्त हुए हैं और लंबे समय से कांग्रेस से जुड़कर कार्य कर रहे थे। कांग्रेस ने उन्हें हिमाचल प्रदेश में एससी सेल का प्रभारी भी बनाया था। राष्ट्रीय स्तर पर वह कन्वीनर भी हैं।