क्षेत्रीय समस्याओं का समाधान ही एनसीएससी का उद्देश्य- डॉ. पुष्पेन्द्र सिंह

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Sunil Kumar

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आगरा स्थित एम.डी. जैन इंटर कॉलेज में आयोजित राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस की कार्यशाला ज्ञान, नवाचार और वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रही।
आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. बी.पी. सिंह ने की तथा कार्यशाला का मार्गदर्शन राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस के राज्य समन्वयक श्री दीपक शर्मा ने किया। ब्रजांचल कार्यशाला के कोऑर्डिनेटर डॉ निखिल जैन के प्रेरणादायी विचारों ने प्रतिभागियों को वैज्ञानिक दृष्टिकोण, अनुसंधान आधारित शिक्षा तथा नवाचार की दिशा में कार्य करने के लिए प्रेरित किया। कार्यशाला में मुख्य वक्ता डॉ.हरि मान सिंह, डॉ अनूप चतुर्वेदी, डॉ राजेश पाराशर ने कृषि एवं मानव स्वास्थ्य, भारतीय ज्ञान परंपरा का प्रभाव आदि विषयों पर विचार रखे। राज्य समन्वयक दीपक शर्मा ने बताया कि विगत 31 वर्षों से राष्ट्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी संचार परिषद, भारत सरकार इस अनूठे कार्यक्रम को आयोजित कर रही है। राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस में 10 से 17 वर्ष की आयु के बच्चे जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी वैज्ञानिक प्रतिभा का प्रदर्शन करते हैं। नोडल एजेंसी इंडियन साइंस कम्युनिकेशन सोसायटी के कार्यकारी सचिव और राज्य प्रधान अन्वेषक डॉ. वीपी सिंह ने शिक्षकों का आह्वान किया कि वे विद्यालयों से अधिक से अधिक छात्रों का नामांकन इस आयोजन के लिए कराएं। उल्लेखनीय है कि इस वर्ष की राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस का विषय सतत् विकास के लिए विज्ञान एवं नवाचार है। जिला समन्वयक हाथरस डीपी सिंह ने मुख्य विषय स्थिरता के लिए विज्ञान और नवाचार के अंतर्गत अपशिष्ट प्रबंधन, ई कचरे का पुनर्चक्रण आदि विषयों पर विचार रखें। जिला एकेडमिक समन्वयक डॉ पुष्पेंद्र सिंह ने भारत की प्राचीन ज्ञान परंपरा मैं योग आयुर्वेद जल संचयन जैविक खेती सिंचाई पद्धतियां का हमारे पर्यावरण और स्वास्थ्य से संबंध शीर्षक पर विचार रखें। अंत में राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस का पोस्टर जारी किया गया। डॉ सिंह ने बताया कि अब जनपद में कार्यशाला आयोजित की जाएगी। कार्यशाला में भाग लेने वाले शिक्षक अपने-अपने विद्यालय के बाल वैज्ञानिकों को जनपद स्तर पर प्रतियोगिता करने के लिए तैयार करेंगे। यहां से चुने गए बाल वैज्ञानिक राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर जाएंगे। आइए, हम सभी मिलकर बच्चों में वैज्ञानिक सोच, जिज्ञासा और नवाचार की भावना को प्रोत्साहित करें तथा विकसित भारत के निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी निभाएँ। 32वीं राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस 2026 के सफल आयोजन हेतु नोडल एजेंसी इंडियन साइंस कम्युनिकेशन सोसायटी की वेबसाइट ीजजचेरूध्ध्पेबवब-वतहध्बेब-2026 पर विस्तार से जानकारी दी गई है तथा छात्रों का रजिस्ट्रेशन राष्ट्रीय पोर्टल ीजजचेरूध्ध्दबेब-पद पर किया जा रहा है।

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Author: Sunil Kumar

SASNI, HATHRAS