पंजाब कांग्रेस में फिर रार: वरिष्ठों को रास नहीं आ रहा हाईकमान का फैसला, चन्नी ने बुलाई समर्थकों की बैठक

Picture of Farheen

Farheen

SHARE:

पंजाब में नेतृत्व बदलाव की अटकलों पर विराम लगाते हुए हाईकमान ने तीन कार्यवाहक प्रधानों के फाॅर्मूले के तहत आगे बढ़ने का निर्णय लिया मगर यही फाॅर्मूला सूबे के कुछ अन्य वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं को पसंद नहीं आया, जिस वजह से वे दबी जुबान में इसका विरोध कर रहे हैं।

Rift in Punjab Congress charanjit channi calls meeting of supporters in morinda

पंजाब विधानसभा चुनाव के मद्देनजर कांग्रेस हाईकमान ने पंजाब के वरिष्ठ कांग्रेसियों को चुनावी तैयारियों के लिए गठित की गईं कमेटियों की कमान सौंपी है। हालांकि एकजुट करने का फॉर्मूला कुछ नेताओं को रास नहीं आ रहा है।

अपने ही नेता जहां इस फैसले पर सवाल उठा रहे हैं, वहीं कार्यकताओं में संशय की स्थिति बन गई है। कई नेताओं ने इन नियुक्तियों पर न तो अपनी कोई प्रतिक्रिया दी है और न ही उत्साह दिखाया है बल्कि चुप्पी साध ली है। आला कांग्रेसी नेताओं की यही चुप्पी कार्यकर्ताओं व पार्टी में हलचल की बड़ी वजह बना हुआ है।
कार्यकर्ताओं को अब यह समझ नहीं आ रहा है कि हाईकमान के इन आदेशों के बाद वे क्या करें। अपने-अपने नेताओं के साथ चलें या हाईकमान के द्वारा किए गए बदलावों को सहज स्वीकार कर पार्टी के लिए काम करें। एक वरिष्ठ कांग्रेसी नेता भी इस बात स्वीकार करते हैं कि इस फैसले के बाद कार्यकर्ता व नेताओं के समर्थकों के खेमों में काफी संशय व मायूसी का माहौल है।
हाईकमान ने काफी कशमकश के बाद पंजाब के वरिष्ठ नेताओं को विभिन्न कमेटियों की जिम्मेदारियों के दायरे में बांधने का प्रयास किया है। जिससे जातीय समीकरण भी सध जाएं और सभी नेता मिलकर आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों में भी एकजुट होकर डट जाएं।

सूबे में नेतृत्व बदलाव की अटकलों पर विराम लगाते हुए हाईकमान ने तीन कार्यवाहक प्रधानों के फाॅर्मूले के तहत आगे बढ़ने का निर्णय लिया मगर यही फाॅर्मूला सूबे के कुछ अन्य वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं को पसंद नहीं आया, जिस वजह से वे दबी जुबान में इसका विरोध कर रहे हैं।

पूर्व महासचिव बोले-आत्ममंथन करें

पंजाब यूथ कांग्रेस के पूर्व महासचिव करणबीर सिंह रंधावा कहते है कि एआईसीसी को तुरंत आत्ममंथन करना चाहिए क्योंकि पंजाब कांग्रेस के कार्यकर्ता और समर्थक इस फैसले से निराश है। अगर 2027 में जीत हासिल करनी है तो कांग्रेस हाईकमान को अपनी दिशा सुधारनी होगी और जमीनी हकीकत के हिसाब से काम करना होगा।

कई वरिष्ठ नेताओं ने नहीं जताया आभार

हाईकमान ने सूबे के जिन वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं को एडजस्ट करते हुए बुधवार को जो नियुक्तियां की हैं, उनमें से तीन नेताओं प्रदेशाध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, पूर्व मंत्री विजइंदर सिंगला और डॉ. अमर सिंह ने ही हाईकमान का आभार जताया है जबकि अन्य किसी वरिष्ठ नेताओं ने अपनी नियुक्तियों पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। पूछे जाने पर कुछ नेताओं ने बताया कि इस फैसले की अभी समीक्षा की जाएगी। कांग्रेस हाईकमान ने सूबे के वरिष्ठ नेताओं को चुनाव प्रचार समिति, मेनिफेस्टो कमेटी, चुनाव प्रबंधन एवं समन्वय समिति और कोर कमेटी में अहम पद सौंपे हैं मगर प्रदेशाध्यक्ष नहीं बदला जबकि इसी के लिए हाईकमान पर सबसे ज्यादा दबाव बनाया जा रहा था।

Farheen
Author: Farheen

सबसे ज्यादा पड़ गई