ऑपरेशन सिंदूर के दौरान गांव तुंगवाली में मिसाइल गिरने के एक साल बाद भी किसान बेअंत सिंह बेखौफ हैं। उन्होंने कहा कि वे पाकिस्तान के हमलों से नहीं डरते, क्योंकि पंजाब वीरों की धरती है।

ऑपरेशन सिंदूर के दौरान बठिंडा के गांव तुंगवाली में जिस किसान के घर और खेत में मिसाइल गिरी थी, वह आज भी बेखौफ है। किसान बेअंत सिंह का कहना है कि वह पाकिस्तान के हमलों से नहीं डरते। पंजाब वीरों की धरती है और यहां के लोग देश के लिए जान कुर्बान करने को हमेशा तैयार रहते हैं।
बेअंत सिंह ने बताया कि एक साल पहले मिसाइल गिरने पर वह सहमे जरूर थे लेकिन डरे नहीं। उस समय जिला प्रशासन और गांव के लोग उनके साथ मजबूती से खड़े रहे। हमले में उनके घर के कमरों के शीशे टूट गए थे और पशुओं के लिए बने शेड का लेंटर भी गिर गया था। अब वह सब ठीक करवा चुके हैं और सामान्य जीवन जी रहे हैं।
जिस खेत में मिसाइल के टुकड़े गिरे थे उसी जमीन पर अब फिर से खेती हो रही है। उन्होंने बताया कि उस समय फसल को नुकसान हुआ था लेकिन अब उसी खेत में गेहूं की फसल उगाई और कटाई भी कर ली है। अब अगली फसल की तैयारी चल रही है।
बीड तलाब बस्ती नंबर चार के स्वरूप सिंह ने भी कहा कि पाकिस्तान के नापाक इरादों से उन्हें कोई डर नहीं। उनकी जमीन में भी मिसाइल के टुकड़े गिरे थे लेकिन वह उसी समय हिम्मत के साथ खेत में पहुंचे। उनका कहना है कि देश से बढ़कर कुछ नहीं और भारत ने हर बार पाकिस्तान को मुंहतोड़ जवाब देकर अपनी ताकत साबित की है। है। स्थानीय लोग भी सेना के साथ खड़े हैं।