हादसे में जान गंवाने वाली अनिल की पत्नी दीपिका ने भी अपने पिता को कॉल कर हादसे की सूचना दी थी। उसने परिजनों से यह भी कहा था कि शायद अब वह नहीं बच पाएगी।

पापा घर में आग लग गई, हम ऊपर फंस गए हैं, प्लीज बचा लो।’ पालम के साध नगर स्थित इमारत में आग लगने के बाद वहां मौजूद 12 लोग आग में फंस गए। शुरुआत में इन लोगों ने खुद ही बाहर निकलने का प्रयास किया। बात नहीं बनी तो बड़े बेटे कमल ने करीब 7.00 बजे गोवा में मौजूद पिता राजेंद्र कश्यप को कॉल की।
कई ने की मदद की कोशिश, पर…
इसके बाद प्रवेश, हिमांशी ने भी पिता को ऐसी ही कॉल की। घर में मौजूद चारों बेटों ने अपने पड़ोसी दोस्तों को कॉल कर मदद मांगी। फोन करते हुए कुछ दोस्त शोरूम के बाहर पहुंच गए। किसी तरह इन लोगों ने शोरूम का छोटा वाला शटर खाकर ऊपर जाने का प्रयास भी किया, लेकिन वह आग की वजह अंदर दाखिल नहीं हो पाए।
सभी बेबस होकर सुनते रहे चिल्लाने की आवाज
बाद में सभी बेबस होकर ऊपर फंसे लोगों के चिल्लाने की आवाज सुनते रहे। कॉल मिलने के बाद पुलिस व दमकल विभाग की गाड़ियां वहां पहुंची, लेकिन समय से मदद न मिल पाने के कारण तीन मासूमों समेत कुल 9 लोग इस हादसे में जान गंवा बैठे। परिवार जिन-जिनको मदद के लिए कॉल कर सकता था, उन्होंने किया।
साले से मांगी थी राजेंद्र कश्यप ने मदद
राजेंद्र कश्यप के साले सुरेंद्र ने बताया कि वह परिवार के साथ गुरुग्राम में रहते हैं। बुधवार सुबह उनके बड़े भाई धर्मेंद्र का कॉल आया और फौरन उन्होंने पालम स्थित साध नगर पहुंचने के लिए कहा। धर्मेंद्र ने बताया कि घर में आग लगी है और जीजा ने कॉल कर वहां पहुंचने के लिए कहा है। सुरेंद्र व धर्मेद्र करीब 8.15 बजे मौके पर पहुंच गए।
कोई भी मदद के लिए नहीं जा पाया अंदर
तब तक बचाव दल अपना काम कर रहा था। सुरेंद्र ने बताया कि उनके चारों भांजों कमल, प्रवेश, अनिल व सचिन ने अपने पिता के अलावा रिश्तेदारों और दोस्तों को कॉल किया। खबर मिलने के बाद पड़ोसी दोस्त दीपक शर्मा, राकेश और हेमंत मौके पर पहुंचे और मदद करने का प्रयास किया, लेकिन वह अंदर दाखिल नहीं हो सके।
दीपिका ने पिता से कहा था- शायद वह नहीं बच पाएगी
हादसे में जान गंवाने वाली अनिल की पत्नी दीपिका ने भी अपने पिता को कॉल कर हादसे की सूचना दी थी। उसने परिजनों से यह भी कहा था कि शायद अब वह नहीं बच पाएगी। हादसे में दीपिका की मौत हो गई जबकि इसके पति अनिल ने बेटी मिताली को लेकर तीसरी मंजिल से नीचे छलांग लगा दी।