वित्तीय जानकारों के अनुसार सोना और चांदी की कीमतों में ज्यादा गिरावट के आसार कम हैं। कीमतें स्थिर रह सकती हैं। वित्तीय जानकर इस मौके को निवेश के लिए बेहतर मान रहे हैं।

कीमत में अप्रत्याशित बढ़त के बाद अब गिरावट का रिकॉर्ड बना रहे सोने-चांदी के भाव रविवार को भी लुढ़के। बरेली में चांदी का भाव हजार और सोना पांच सौ रुपये रुपये गिरा। हालांकि, वित्तीय जानकार इस मौके को निवेश के लिए बेहतर मान रहे हैं। आगामी दिनों में सोना-चांदी का भाव बढ़ने की उम्मीद है।
शनिवार को चांदी का भाव प्रतिकिलो 2.51 लाख, सोने का प्रति दस ग्राम भाव 1.60 लाख रुपये था। रविवार को चांदी की कीमत में एक हजार और सोने में पांच सौ रुपये गिरावट हुई। चांदी 2.50 लाख और सोना 1,59,500 रुपये पर बिका।
कारोबारियों के मुताबिक, कीमत में गिरावट के चलते मंदी के दौर से गुजर रहे सराफा बाजार में ग्राहकों की आवक बढ़ी है। वित्तीय जानकार सीए अमित टंडन ने बताया कि सोने-चांदी की कीमत में बढ़त के सापेक्ष औसतन 25 से 45 फीसदी गिरावट के बाद अब स्थिरता है। ऐसे में आने वाले दिनों में कीमतों में बढ़त की संभावना है।
अमित टंडन ने बताया कि सोना-चांदी की कीमतों में गिरावट का इंतजार कर रहे लोगों और निवेशकों के लिए यह मौका कम ही दिनों के लिए है। 20 फीसदी उम्मीद मामूली उतार-चढ़ाव की है, लेकिन बढ़त की उम्मीद 80 फीसदी तक है। स्थिरता के बाद अक्सर कीमतों में बढ़त की ही गुंजाइश रहती है।
घाटे का सौदा नहीं होता सोना-चांदी की खरीदारी
आलमगिरीगंज के सराफा कारोबारी संजीव औतार अग्रवाल के मुताबिक सोना-चांदी की खरीदारी कभी घाटे का सौदा नहीं होता। पिछले 20 वर्षों में गौर करें तो सोना करीब 14 गुना और चांदी 16 गुना तक महंगी हुई है। वहीं, वर्तमान में कीमतें गिरी हैं लेकिन इसके भाव आने वाले दिनों में बढ़ने तय है। साल के आखिर तक चांदी चार लाख से ज्यादा और सोना दो लाख के पार पहुंचने का अनुमान है।