आगरा के केदार नगर में धर्मांतरण आरोपी राजकुमार लालवानी के खिलाफ लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। वेलफेयर सोसाइटी ने उसके परिवार का बहिष्कार कर दोबारा ऐसी गतिविधि न होने देने का संकल्प लिया।

विस्तार
आगरा में धर्मांतरण के मामले में जेल भेजे गए आरोपी राजकुमार लालवानी के बारे में पता चलने पर केदार नगर के लोगों में आक्रोश है। वेलफेयर सोसाइटी के लोगों ने बुधवार को बैठक कर उसके परिवार के बहिष्कार का निर्णय लिया। कहा कि अगर राजकुमार का परिवार इस तरह की गतिविधि करेगा तो उन्हें नहीं रहने दिया जाएगा। उनकी शिकायत पुलिस अधिकारियों से की जाएगी।
केदार नगर के रहने वाले कमलेश गोस्वामी ने बताया कि क्षेत्र के लोगों ने बैठक की है। इसमें निर्णय लिया गया कि राजकुमार गलत तरीके से काम करता था। लोगों के धर्मांतरण करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। उसका समाज के लोगों ने बहिष्कार कर दिया है। अगर वो जेल से रिहा भी हो जाएगा तो इस तरह की गतिविधि दोबारा नहीं करने दी जाएगी।
कमरे में जाने के बाद दरवाजा हो जाता था बंद
वहीं प्रदीप माथुर ने बताया कि राजकुमार के घर में आए दिन लोगों का जमावड़ा रहता था। रविवार को अत्यधिक लोग आते थे। एक बार में लोगों के कमरे में जाने के बाद दरवाजा बंद कर लिया जाता था। अंदर से जोर-जोर से चीखने की आवाज आती थीं। मगर दिखता कुछ भी नहीं था। बाद में एक साथ ही सारे लोग निकल जाते थे। इस दाैरान किसी के पूछने पर राजकुमार भी नहीं बताता था। कुछ लोगों से पूछो तो वो भी बिना बताए ही चले जाते थे। इससे उस पर शक होता था। मगर पुलिस के डर की वजह से शिकायत करने नहीं गए।
वहीं प्रदीप माथुर ने बताया कि राजकुमार के घर में आए दिन लोगों का जमावड़ा रहता था। रविवार को अत्यधिक लोग आते थे। एक बार में लोगों के कमरे में जाने के बाद दरवाजा बंद कर लिया जाता था। अंदर से जोर-जोर से चीखने की आवाज आती थीं। मगर दिखता कुछ भी नहीं था। बाद में एक साथ ही सारे लोग निकल जाते थे। इस दाैरान किसी के पूछने पर राजकुमार भी नहीं बताता था। कुछ लोगों से पूछो तो वो भी बिना बताए ही चले जाते थे। इससे उस पर शक होता था। मगर पुलिस के डर की वजह से शिकायत करने नहीं गए।
इस वजह से नहीं की किसी ने शिकायत
क्षेत्रीय निवासी मनोज गुप्ता ने बताया कि राजकुमार की हरकतों पर शक होने पर कालोनी के लोगों ने पूछताछ की थी। उससे मना भी किया, लेकिन वो मानने को तैयार नहीं हुए। उसने यह कह कर चुप कर दिया कि वो अपने घर में करते हैं। इससे किसी बाहरी को कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए। इस कारण किसी ने शिकायत नहीं की।
क्षेत्रीय निवासी मनोज गुप्ता ने बताया कि राजकुमार की हरकतों पर शक होने पर कालोनी के लोगों ने पूछताछ की थी। उससे मना भी किया, लेकिन वो मानने को तैयार नहीं हुए। उसने यह कह कर चुप कर दिया कि वो अपने घर में करते हैं। इससे किसी बाहरी को कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए। इस कारण किसी ने शिकायत नहीं की।
व्यापारी फर्म का लगा है बोर्ड
राजकुमार की दो बेटी और एक बेटा है। बेटा घर से बाहर नाैकरी करता है। वहीं बेटियों की शादी हो चुकी है। उसके घर पर मैजिक प्लास्ट नामक फर्म का बोर्ड लगा है। इससे लोग समझते थे कि वह व्यापार करता है।
राजकुमार की दो बेटी और एक बेटा है। बेटा घर से बाहर नाैकरी करता है। वहीं बेटियों की शादी हो चुकी है। उसके घर पर मैजिक प्लास्ट नामक फर्म का बोर्ड लगा है। इससे लोग समझते थे कि वह व्यापार करता है।