Zara Hatke: पुरातत्वविदों का कहना है कि खोजी गई इन कब्रों में कुछ दुर्लभ विशेषताएं हैं। सैन मार्कोस के राष्ट्रीय विश्वविद्यालय में पुरातत्व के प्रोफेसर हेनरी टैंटालियन ने हैरान करने वाली जानकारी दी है।

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Zara Hatke: दुनिया में अक्सर नई-नई खोजें होती हैं। कभी-कभी कुछ ऐसी खोजें होती हैं, जो लोगों हैरत में डाल देती हैं। अब ऐसी ही खोज पेरू में हुई है। यहां पर एक मंदिर में खुदाई के दौरान पुरातत्वविदों को एक दर्जन से अधिक लोगों के अवशेष मिले हैं, दो 2300 साल पुराने हैं।
एक रिपोर्ट के मुताबिक, पुरातत्वविदों का कहना है कि खोजी गई इन कब्रों में कुछ दुर्लभ विशेषताएं हैं। सैन मार्कोस के राष्ट्रीय विश्वविद्यालय में पुरातत्व के प्रोफेसर हेनरी टैंटालियन ने हैरान करने वाली जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार से उन्हें कब्र में रखा गया था वह अजीब है। जमीन की तरफ उनके चेहरे थे। ऐसे एंडियन प्रागैतिहासिक काल में एक असामान्य तरीके से लोगों दफनाया जाता था। इस स्थान पर खुदाई कर टीम का हेनरी टैंटालियन नेतृत्व कर रहे हैं।
मरे लोगों की खोपड़ियों में मिला फ्रैक्चर
टैंटालियन ने बताया कि कई लोगों की खोपड़ी में फ्रैक्चर था। वहीं, कुछ के गले में रस्सियां और हाथ पीठ के पीछे बंधे थे। उन्होंने कहा कि इन खोजों से पता चलता है कि इन लोगों की बलि दी गई थी। उन्होंने कहा कि “उनके साथ कोई भेंट या कब्र में रखी कोई वस्तु नहीं थी, जो भी असामान्य है।
हजारों साल पुराना है मंदिर
प्रोफेसर हेनरी टैंटालियन के मुताबिक, उनकी टीम ने 2024 में पेरू के उत्तर-पश्चिमी तट पर पुएमापे मंदिर परिसर के पास इन कब्रों को खोज था। इसके बाद 2025 में उत्खनन कार्य शुरू किया। उन्होंने कहा कि मंदिर करीब 3,000 साल पुराना है, लेकिन यह कब्रें बाद के समय की हैं। उन्होंने कहा कि यह कब्रें 400 से 200 ईसा पूर्व की है। उन्होंने यह भी बताया कि मानव बलि दिए जाने से पहले ही मंदिर को छोड़ दिया गया होगा। लोगों की डीएनए जांच की जा रही है। इस यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि बलि चढ़ाए गए लोग कौन थे।