Aruna Irani 79th Happy Birthday: बॉलीवुड की दुनिया में अरुणा ईरानी का नाम किसी परिचय का मोहताज नहीं है। उन्होंने सैकड़ों फिल्मों में अपनी शानदार एक्टिंग से लोगों के दिल जीते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि अरुणा जी ने सिर्फ अभिनय ही नहीं, बल्कि टीवी सीरियल्स के निर्देशन और निर्माण में भी अपनी प्रतिभा दिखाई है।

अरुणा ईरानी ने अपनी मेहनत और अभिनय से न सिर्फ दर्शकों का दिल जीता, बल्कि इंडस्ट्री में एक मिसाल कायम की। अरुणा ईरानी का आज 18 अगस्त को 79वां जन्मदिन है। अरुणा ने नौ साल की उम्र में फिल्म ‘गंगा जमुना’ (1961) से अपने करियर की शुरुआत की। 1960-70 के दशक में विलेन से लेकर सपोर्टिंग रोल्स तक में छाई रहीं। फिल्मों के अलावा, उन्होंने टीवी इंडस्ट्री में कदम रखा और कई हिट सीरियल्स बनाए। जानिए अरुणा के बारे में दिलचस्प बातें…
अरुणा का जन्म और शुरुआत
मशहूर बॉलीवुड अभिनेत्री अरुणा ईरानी का जन्म 18 अगस्त 1946 को मुंबई में हुआ था। उनके पिता फरीदुन ईरानी एक नाटक मंडली चलाते थे और मां सगुना अभिनेत्री थीं। कथित तौर पर अरुणा ईरानी ने 500 से ज्यादा फिल्मों में काम किया है और बॉलीवुड में अपनी एक्टिंग से खास पहचान बनाई। उन्होंने लीड रोल, चरित्र भूमिकाएं और खलनायिका के किरदार निभाए, खासकर फिल्म ‘बेटा’ में उनकी खलनायिका की भूमिका को बहुत सराहा गया। उन्होंने कई दिग्गज कलाकारों जैसे धर्मेंद्र, राज कपूर और महमूद के साथ काम किया। महमूद के साथ उनके रिश्ते की अफवाहों ने उनके करियर को प्रभावित किया, जिसके कारण उन्हें दो साल तक काम नहीं मिला। हालांकि, फिल्म ‘बॉबी’ ने उनके करियर को फिर से ऊंचाइयों पर पहुंचाया।

‘बॉबी’ फिल्म का मजेदार किस्सा
प्राण साहब से डर गई थीं अरुणा

महमूद के साथ अफवाहों का दौर
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, अरुणा ने अभिनेता महमूद के साथ ‘हमजोली’, ‘बॉम्बे टू गोवा’, और ‘दो फूल’ जैसी कई फिल्मों में काम किया। दोनों की ऑन-स्क्रीन जोड़ी को दर्शकों ने बहुत पसंद किया, लेकिन इस दौरान दोनों के बीच अफेयर और शादी की अफवाहें भी उड़ीं। अरुणा ने बाद में बताया कि वह और महमूद सिर्फ अच्छे दोस्त थे, लेकिन इन अफवाहों ने उनके करियर को कुछ समय के लिए प्रभावित किया।

अरुणा ने नौ साल की उम्र में फिल्म ‘गंगा जमुना’ से अपना अभिनय करियर शुरू किया था। एक दिन वह अपने पिता के साथ स्टूडियो गई थीं, जहां दिलीप कुमार ने उन्हें देखा और पूछा, ‘लड़की, डायलॉग बोल सकती हो?’ अरुणा ने हां कहा और डायलॉग बोला। दिलीप कुमार को उनका अंदाज पसंद आया और उन्होंने अरुणा को फिल्म में एक छोटा रोल दे दिया। यह उनके करियर का पहला कदम था।

1971 की फिल्म ‘कारवां’ में अरुणा ने एक बंजारन का किरदार निभाया। उनके गाने ‘चढ़ती जवानी मेरी चाल मस्तानी’ और ‘दिलबर दिल से प्यारे’ उनके शानदार डांस की वजह से सुपरहिट हुए। इस फिल्म के सेट पर अरुणा की मेहनत और एनर्जी की सभी ने तारीफ की। उनके डांस ने दर्शकों का दिल जीत लिया और उन्हें एक नई पहचान दी।
अरुणा ईरानी ने बतौर निर्देशक टीवी सीरियल ‘देश में निकला होगा चांद’ से किया। उनका यह डेब्यू सीरियल हर किसी को बेहद पसंद भी आया। उनका यह सीरियल 2001 में स्टार प्लस पर शुरू हुआ और 2005 तक चला। इसकी सफलता के बाद अरुणा ने ‘मेंहदी तेरे नाम की’ और ‘वैदेही’ जैसे कई टीवी सीरियल्स का निर्देशन किया। अरुणा ने ‘रब्बा इश्क ना होवे’, ‘तुम बिन जाऊं कहां’, और ‘जमीन से आसमान तक’ का भी निर्देशन या निर्माण किया है। इन सीरियल्स में उन्होंने छोटे रोल निभाए।

अरुणा ने 1990 में 40 साल की उम्र में फिल्म निर्देशक कुकू कोहली से शादी की। कुकू पहले से शादीशुदा थे और उनकी बेटियां थीं, जिसके बारे में अरुणा को बाद में पता चला। उन्होंने अपनी शादी को कई साल तक छुपाए रखा, क्योंकि वह किसी को ठेस नहीं पहुंचाना चाहती थीं। अरुणा ने बच्चे न करने का फैसला लिया, क्योंकि वह नहीं चाहती थीं कि उनके बच्चे जटिल पारिवारिक स्थिति में परेशानी झेलें। उन्होंने यह भी कहा कि वह काम से दूर नहीं होना चाहती थीं, इसलिए मां बनने का विचार छोड़ दिया।