
फतेहाबाद के गांव भूथन कलां में करीब डेढ़ साल पहले शराब के नशे में अपने ही इकलौते 17 वर्षीय बेटे परमजीत की हत्या करने के दोषी पिता सरजीत सिंह को जिला अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई है।
दोषी सरजीत सिंह पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जिला एवं सत्र न्यायाधीश दीपक अग्रवाल की कोर्ट ने मामले की सुनवाई के दौरान सजा सुनाई है। कोर्ट ने अभियोजन पक्ष द्वारा पेश किए गए गवाहों, मेडिकल रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपी को दोषी करार दिया। इसके बाद उम्रकैद की सजा सुनाई गई।
बेटी के पास गई थी मां
पुलिस को दी शिकायत में रोशनी देवी ने बताया कि उसके दो बच्चे हैं, जिनमें एक बेटी व एक बेटा है। बेटी शादीशुदा है जबकि बेटा परमजीत अविवाहित था। 20 दिसंबर 2024 को वह अपनी बेटी किरण के ससुराल चिकनवास गई हुई थी। उसे सूचना मिली कि उसके बेटे परमजीत (17) की पति सरजीत सिंह ने हत्या कर दी। जिस पर वह अपने घर पहुंची तो पति सरजीत सिंह ने रोते हुए बताया कि रात को उसने शराब के नशे में बेटे परमजीत के सिर में डंडा मारकर हत्या कर दी।
भिरड़ाना माइनर के पास छिपाया था लठ
पुलिस ने आरोपी पिता को गिरफ्तार करने के बाद वारदात में इस्तेमाल किया गया लठ बरामद किया था। आरोपी ने भिरड़ाना माइनर के साथ लगती सड़क के पास बने खाल की पुलिया के पास से लठ बरामद करवाया था।


