गोंडा के बर्तन व्यापारी विनोद कुमार साहनी हत्याकांड में भाजपा विधायक ने कार्रवाई का भरोसा दिया है। वहीं, उनके घर से उठ रही चीख-पुकार सन्नाटा तोड़ रही है। बेटी-बेटा और पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है। गोंडा के परसपुर में दुकान बंद कर बाइक से घर लौट रहे व्यापारी विनोद कुमार साहनी (45) की बुधवार रात रास्ते में घेरकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने तीन नामजद समेत 10 आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर दो को गिरफ्तार कर लिया है।

गोंडा के परसपुर में बर्तन व्यापारी विनोद कुमार साहनी की हत्या के बाद शुक्रवार सुबह सवा आठ बजे रेक्सड़िया मल्लहनपुरवा का माहौल बदला हुआ नजर आया। गांव से पहले ही पुलिस का बैरियर लगा है। आने-जाने वालों पर खाकी की पैनी नजर है। बैरियर पार कर गांव में पहुंचते ही विनोद साहनी के घर से उठ रही चीख-पुकार सन्नाटे को तोड़ रही है।
घर के अंदर बेटी विजयलक्ष्मी बार-बार कह रही है- “पापा को जगाओ… इतनी देर हो गई, अभी तक सोकर क्यों नहीं उठे।” यह कहते-कहते वह बेसुध हो जा रही है। पास बैठीं महिलाएं उसे संभालने की कोशिश कर रही हैं। पत्नी ऊषा भी बदहवास हैं। महिलाएं उनके चेहरे पर पानी के छींटे मारकर संभाल रही हैं।
इसी बीच पड़ोसी गांवों से पहुंचे लोग विनोद के बेटे राजा और उनके भाई से घटना की जानकारी लेने लगते हैं। भाई बताते हैं कि रात में ही करनैलगंज के भाजपा विधायक अजय सिंह घर पहुंचे थे। उनके साथ अधिकारी भी थे। परिवार से बातचीत हुई है और कार्रवाई का भरोसा दिया गया है।
सड़क पर शव रख लगाया जाम, कलेक्ट्रेट घेरा
गोंडा के परसपुर में बर्तन व्यापारी विनोद कुमार साहनी की हत्या के विरोध में शुक्रवार को लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। रेक्सड़िया के मल्लहनपुरवा में धरने के बाद परिजन और ग्रामीण शव चारपाई पर रखकर जुलूस की शक्ल में शाहपुर की ओर निकले। पुलिस ने रास्ते में रोकने का प्रयास किया तो करीब आधे घंटे तक रस्साकशी और धक्का-मुक्की की स्थिति बनी रही। इसके बाद प्रदर्शनकारियों ने परसपुर-बरगदी मार्ग पर शाहपुर-धनावा के पास बीच सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया। उधर, कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद की अगुवाई में निषाद पार्टी के कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट का घेराव कर धरना दिया।
विनोद की हत्या की खबर पाकर आसपास के गांवों और अन्य जिलों से निषाद समाज के सैकड़ों लोग शुक्रवार सुबह मल्लहनपुरवा पहुंच गए। ग्रामीणों, युवाओं और महिलाओं ने पुलिस-प्रशासन और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। करीब एक से डेढ़ किलोमीटर आगे बढ़ने पर पुलिस ने अवरोध लगाकर लोगों को रोकने का प्रयास किया। मगर भीड़ अधिक होने के कारण अवरोध प्रभावी नहीं हो सका।
प्रदर्शनकारी शाहपुर-धनावा पहुंच गए और सड़क पर शव रखकर जाम लगाकर धरना शुरू कर दिया। सुबह करीब 11:45 बजे शुरू हुआ धरना दोपहर 02:15 बजे तक चला। प्रदर्शनकारी मौके पर डीएम और एसपी को बुलाने की मांग पर अड़े रहे। उन्होंने आरोपियों के घरों पर बुलडोजर चलाने, परिवार को पांच करोड़ रुपये मुआवजा देने, एक सदस्य को सरकारी नौकरी और परिवार की सुरक्षा की मांग उठाई।
सपा के पूर्व मंत्री योगेश प्रताप सिंह, प्रदेश सचिव दिग्विजय सिंह, सपा नेता काजल निषाद और कांग्रेस नेता त्रिलोकी नाथ तिवारी समेत कई लोग मौके पर पहुंचे। करीब दो बजे डीएम प्रियंका निरंजन और एसपी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने परिजनों और ग्रामीणों से वार्ता कर कार्रवाई का भरोसा दिया। इसके बाद परिजन अंतिम संस्कार के लिए राजी हुए।
इधर, कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय निषाद सैकड़ों कार्यकर्ताओं के साथ सर्किट हाउस से पैदल कलेक्ट्रेट पहुंचे। करीब एक किलोमीटर पैदल मार्च के बाद कलेक्ट्रेट के मुख्य गेट के सामने बैठकर उन्होंने धरना शुरू कर दिया। करनैलगंज विधायक अजय सिंह भी उनके साथ धरने पर बैठ गए। कार्यकर्ताओं ने हत्याकांड में दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। डीएम प्रियंका निरंजन भी कैबिनेट मंत्री के साथ जमीन पर बैठीं और उनकी मांगें सुनीं। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का भरोसा दिया। आश्वासन के बाद कैबिनेट मंत्री ने दोपहर 12:55 बजे धरना समाप्त कर दिया।
पुत्र ने दी मुखाग्नि, नम हुईं लोगों की आंखें
परसपुर। कमियार घाट पर गमगीन माहौल में विनोद का अंतिम संस्कार हुआ। पुत्र राज साहनी ने पिता को मुखाग्नि दी तो घाट पर मौजूद लोगों की आंखें भी नम हो गईं। इस दौरान परिजन बिलखते रहे। अंतिम संस्कार के दौरान लोगों ने ‘विनोद साहनी अमर रहें’ के नारे लगाए। पिता अतारु लाल समेत परिवार के अन्य सदस्य और वहां मौजूद लोग भावुक नजर आए।
पीड़ित परिवार को हर हाल में मिलेगा न्याय : डीएम
डीएम प्रियंका निरंजन ने कहा कि नामजद तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई जारी है। पीड़ित परिवार को आवश्यक सुरक्षा उपलब्ध कराने के साथ ही आर्थिक सहायता दिलाई जाएगी। पुलिस और प्रशासन परिवार को न्याय दिलाने के लिए तत्पर है।
गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें गठित : एसपी
एसपी अभिषेक ने बताया कि प्रकरण में अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगाई गई हैं। मामले में लापरवाही बरतने पर थाना प्रभारी, चौकी प्रभारी और बीट सिपाही की विभागीय जांच कराई जा रही है।
यह था पूरा मामला
गोंडा के परसपुर में दुकान बंद कर बाइक से घर लौट रहे व्यापारी विनोद कुमार साहनी (45) की बुधवार रात रास्ते में घेरकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने तीन नामजद समेत 10 आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर दो को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार शुरुआती छानबीन में सामने आया है कि सोशल मीडिया पर पोस्ट को लेकर विवाद की रंजिश में हत्या हुई है।
रेक्सड़िया मल्लाहन पुरवा निवासी विनोद कुमार साहनी शाहपुर बाजार में बर्तन की दुकान चलाते थे। बुधवार रात आठ बजे वह दुकान बंद कर बाइक से घर लौट रहे थे। लल्लन यादव की दुकान के पास पहुंचते ही चार बाइकों से आए 10 लोगों ने विनोद की बाइक रोक ली। आरोप है कि हमलावरों ने विनोद को घेरकर पीटना शुरू कर दिया।
इसके बाद कांता और भाला से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल होकर विनोद सड़क पर गिर पड़े। हमलावर उन्हें मृत समझकर भाग गए। हमले के दौरान विनोद ने तीन हमलावरों को पहचान लिया था। परिजन उन्हें पहले सीएचसी ले गए, जहां से मेडिकल कॉलेज भेज दिया गया। हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उन्हें लखनऊ रेफर कर दिया। इलाज के दौरान विनोद की मौत हो गई।
ये बताई जा रही हत्या की वजह
विकासशील इंसान पार्टी के नेता मुकेश साहनी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट साझा की थी। इसमें मुकेश कह रहे हैं कि पिछले दिनों अयोध्या की हनुमान गढ़ी के पुजारी राजू दास का जो मामला हुआ था, उसमें विनोद साहनी मजबूती के साथ सोशल मीडिया के जरिये लड़ाई लड़ रहे थे। कुछ लोगों को ये बात पसंद नहीं आई, जिसके कारण विनोद की हत्या की गई। मुकेश ने कहा कि इस मामले में निषाद समाज चुप नहीं बैठेगा। दोषियों को सजा दिलाने के लिए मजबूती से लड़ाई लड़ी जाएगी।