राजस्थान के कोटा जिले में आयुष्मान आरोग्य योजना के तहत कार्यरत संविदा कर्मियों ने अपनी मांगों को लेकर अनोखा विरोध दर्ज कराया। नयापुरा थाना क्षेत्र के गांवड़ी इलाके में कुछ संविदा कर्मी पानी की टंकी पर चढ़ गए और नए ठेकेदार के खिलाफ नाराजगी जताई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को संभालते हुए कर्मियों से बातचीत शुरू की।

बिना सूचना हटाने का आरोप
संविदा कर्मियों का आरोप है कि हाल ही में टेंडर प्रक्रिया के बाद नई फर्म को ठेका मिलने पर नए ठेकेदार ने लंबे समय से काम कर रहे कर्मचारियों को बिना किसी पूर्व सूचना और बिना नोटिस के हटा दिया। इससे कई परिवारों के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। इसी आक्रोश के चलते कुछ कर्मचारी पानी की टंकी पर चढ़ गए।
कर्मचारी प्रदीप का बयान
संविदा कर्मी प्रदीप ने बताया कि नई फर्म को ठेका मिलने के बाद पुराने कर्मचारियों को बिना किसी शिकायत के हटा दिया गया और बैक डेट में नए स्टाफ की नियुक्ति कर दी गई। फिलहाल कुछ पुराने कर्मचारी काम पर बने हुए हैं, लेकिन उन्हें भी हटाए जाने की आशंका बनी हुई है। कर्मचारियों का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग के पत्र में साफ लिखा है कि लंबे समय से कार्यरत किसी भी संविदा कर्मचारी को नहीं हटाया जा सकता, इसके बावजूद ठेकेदार जबरन कार्रवाई कर रहा है।
प्रशासन मौके पर, समझाइश जारी
घटना की जानकारी मिलने पर लाडपुरा तहसीलदार भी मौके पर पहुंचे और संविदा कर्मियों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया गया, ताकि वे सुरक्षित रूप से नीचे उतर सकें। मौके पर पुलिस जाब्ता भी तैनात है और लगातार कर्मचारियों से संवाद कर रहा है, ताकि किसी तरह की अप्रिय घटना न हो। फिलहाल कर्मचारियों और प्रशासनिक अधिकारियों के बीच वार्ता जारी है।