Rajasthan: अंता उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी मोरपाल सुमन की चिट्ठी सोशल मीडिया पर वायरल हुई है, जिसमें उन्होंने अपनी हार के लिए पार्टी के एक बड़े नेता और बारा जिले के तीन विधायकों को जिम्मेदार बताया है। सुमन की चिट्ठी वायरल होने के बाद पार्टी ने उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
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अंता उपचुनाव में भाजपा के प्रत्याशी रहे मोरपाल सुमन की एक चिट्ठी पिछले दो दिनों से सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। चिट्ठी में हार के कारणों की समीक्षा करते हुए मोरपाल ने राष्ट्रीय स्तर के एक बड़े नेता पर पैसे के लेन-देन और मतदाताओं को प्रभावित करने का आरोप लगाया। चिट्ठी में मोरपाल सुमन ने दावा किया कि पैसे देकर मतदाताओं को प्रभावित किया गया और वोट कांग्रेस प्रत्याशी प्रमोद जनभाया के पक्ष में डलवाए गए। इसके अलावा उन्होंने लिखा कि राजस्थान सरकार के एक मंत्री ने भी उनकी हार के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से भूमिका निभाई।
मोरपाल सुमन की चिट्ठी सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद भाजपा ने उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया है। प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ की तरफ से जारी किए गए आदेश में लिखा गया है कि आपका कृत्य पार्टी अनुशासनहीनता की परिभाषा में आता है। इस कृत्य के लिए आपको कारण बताओ नोटिस जारी किया जाता है। आपको इस आरोप के उत्तर में कोई स्पष्टीकरण देना हो तो आज से तीन दिन के भीतर लिखित में प्रस्तुत कर दें।
