उत्तर प्रदेश स्वास्थ्य विभाग में एक्स-रे टेक्नीशियन की भर्ती में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। चौंकाने वाली बात यह है कि एक ही व्यक्ति – अर्पित सिंह – के नाम पर छह अलग-अलग लोग अलग-अलग जिलों में नौकरी कर रहे हैं और हर माह वेतन भी उठा रहे हैं।

कैसे खुला मामला
मई 2016 में अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के जरिए 403 एक्सरे टेक्नीशियन की नियुक्ति हुई थी। तत्कालीन निदेशक (पैरामेडिकल) एसी त्रिपाठी के आदेश पर चयनित उम्मीदवारों की सूची जारी की गई थी। इन्हीं में अर्पित सिंह नाम का एक अभ्यर्थी शामिल था।
मानव संपदा पोर्टल पर खुली गड़बड़ी
वर्तमान में अर्पित सिंह हाथरस के सीएचसी मुरसान में तैनात हैं। लेकिन मानव संपदा पोर्टल पर उनके नाम, पिता के नाम और जन्मतिथि से शामली, रामपुर, फर्रुखाबाद, बांदा, बलरामपुर और बदायूं में भी कर्मचारी कार्यरत दिखाए जा रहे हैं। इनमें से चार का स्थायी पता भी एक ही है।
विभाग की चुप्पी पर सवाल
साफ है कि एक ही नाम पर छह नियुक्तियां विभाग की लापरवाही और बड़े फर्जीवाड़े की ओर इशारा करती हैं। सूत्रों का कहना है कि अभी तक विभागीय अधिकारियों ने इस पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की है।
जांच के आदेश
अधिकारियों ने माना कि मामला संदिग्ध है और कहा कि जांच कराई जाएगी। यदि नियुक्तियां फर्जी पाई गईं तो संबंधित जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।